
पेशावर. पाकिस्तान (Pakistan) ने शनिवार को देश के उत्तर-पश्चिमी हिस्से में स्थित तोर्खम सीमा (Torkham border) के जरिए 3,000 से अधिक अफगान शरणार्थियों (Afghan refugees) को देश से निर्वासित कर दिया. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. खैबर जिले के एडिशनल डिप्टी कमिश्नर इर्शाद खान मोहम्मद के अनुसार, अवैध विदेशी निवासियों को देश से निकालने की प्रक्रिया जारी (action continues) है.
दरअसल, पाकिस्तान ने जनवरी में घोषणा की थी कि जिनके पास अफगान सिटिजन कार्ड (ACC) है, उन्हें 31 मार्च तक देश छोड़ना होगा, अन्यथा उन्हें जबरन निकाला जाएगा. इस श्रेणी में आने वालों को निकालने के लिए 1 अप्रैल से अभियान शुरू किया गया.
न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक शनिवार को पंजाब प्रांत के विभिन्न हिस्सों से गिरफ्तार किए गए 3,514 विदेशियों को तोर्खम बॉर्डर के जरिए देश से बाहर भेजा गया. पंजाब के विभिन्न शहरों से गिरफ्तार 756 अवैध विदेशी नागरिकों को सीधे तोर्खम भेजा गया, जबकि पेशावर के जुमा खान ट्रांजिट कैंप से 59 हिरासत में लिए गए विदेशियों को भी तोर्खम सीमा से निर्वासित किया गया.
इस बीच, लांडी कोटल ट्रांजिट कैंप में स्वेच्छा से पहुंचने वाले विदेशी परिवारों के लिए कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई, जहां 2,758 अवैध विदेशी नागरिकों ने आत्मसमर्पण किया. इर्शाद ने बताया कि ट्रांजिट कैंप में पहुंचे लोगों में से 1,561 व्यक्ति बिना दस्तावेजों के रह रहे थे, जबकि 1,197 के पास ACC थे. अधिकारियों के अनुसार, 1 अप्रैल से अब तक कुल 33,258 अवैध विदेशी नागरिकों को देश से निकाला जा चुका है.
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved