
डेस्क: वॉशिंगटन (Washington) डीसी में नेशनल गार्ड्स (National Guards) की तैनाती के खिलाफ हजारों लोगों ने प्रदर्शन किया. इन्होंने व्हाइट हाउस (White House) तक मार्च निकाला और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) के खिलाफ नारे लगाए. इस दौरान लोगों के हाथों में स्लोगन लिखी तख्तियां भी थीं. ट्रम्प ने 12 अगस्त को वॉशिंगटन में 800 नेशनल गार्ड्स तैनात करने के आदेश दिए थे. उन्होंने कहा कि राजधानी ऐसा राजधानी में बिगड़ी कानून व्यवस्था को सुधारने के लिए किया जा रहा है.
वॉशिंगटन की रैली ड्यूपॉन्ट सर्कल से शुरू हुई. प्रदर्शनकारियों ने शर्म करो और ट्रंप को अब जाना होगाट जैसे नारे लगाए. उन्होंने ट्रंप के क्राइम इमरजेंसी घोषित करने ते आदेश को खत्म करने की मांग की. प्रदर्शनकारी व्हाइट हाउस की ओर बढ़े और नारे लगाते रहे. वहीं डीसी मेट्रोपॉलिटन पुलिस के अफसर उन्हें दूर से देख रहे थे.
प्रदर्शन से 2 दिन पहले अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी ने ड्रग प्रवर्तन प्रशासन टेरी कोल को ‘इमरजेंसी पुलिस कमिश्नर’ नियुक्त करने की कोशिश की थी. कोल को डीसी पुलिस का पूर्ण कंट्रोल दिया जाएगा. अटॉर्नी जनरल ब्रायन श्वलब ने इसके खिलाफ फेडरल कोर्ट में अपील की और प्रशासन ने इस योजना को रद्द कर दिया. श्वलब ने कहा, हमारी पुलिस फोर्स पर कब्जा नहीं होने दिया जाएगा.
कई प्रदर्शनकारियों ने कहा कि डीसी पुलिस व्यवस्था पर ट्रंप के बढ़ते प्रभाव और नेशनल गार्ड के जवानों की मौजूदगी को लेकर चिंताए बढ़ रही हैं. एक स्थानीय जॉन स्मिथ ने कहा, मुझे लगता है कि उन्हें पता ही नहीं है कि वे क्या कह रहे हैं. मैं एक बूढ़ा श्वेत व्यक्ति हूं और हर समय सुरक्षित घूमता हूं. कई ग्रुप्त आने वाले हफ्तों में वाशिंगटन में और प्रदर्शन करने की योजना बना रहे हैं. व्हाइट हाउस ने अभी तक इस पर कोई टिप्पणी नहीं की है.
इस बीच, वेस्ट वर्जीनिया के गवर्नर पैट्रिक मॉरिसी ने शनिवार को घोषणा की कि वह ट्रंप की कार्रवाई के समर्थन में वाशिंगटन में 300 से 400 नेशनल गार्ड्स भेजेंगे. साउथ कैरोलिना से 200 और ओहियो से 150 नेशनल गार्ड आएंगे. फिलहाल वॉशिंगटन में 800 नेशनल गार्ड्स तैनात हैं, जिन पर सीधे तौर पर राष्ट्रपति का नियंत्रण है.
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved