img-fluid

ओम बिरला के खिलाफ प्रस्ताव पर कांग्रेस को TMC से झटका, विपक्ष में एकजुटता पर सवाल

February 11, 2026

नई दिल्ली। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला (Om Birla) के खिलाफ प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रही कांग्रेस को तृणमूल कांग्रेस (TMC) से बड़ा झटका लगा है। कांग्रेस सांसदों ने प्रस्ताव पर हस्ताक्षर कर दिए हैं, जबकि टीएमसी (TMC) ने इससे दूरी बना ली है। इससे विपक्षी दलों की एकजुटता पर सवाल खड़े हो गए हैं।

सूत्रों के अनुसार, सोमवार शाम तक प्रस्ताव संबंधी नोटिस पर करीब 102 सांसदों ने हस्ताक्षर किए थे। कांग्रेस, समाजवादी पार्टी (सपा), द्रमुक (डीएमके) और कुछ अन्य विपक्षी दलों ने इस पहल का समर्थन किया है। बताया जा रहा है कि कांग्रेस के कई सांसदों के साथ सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी नोटिस पर हस्ताक्षर किए हैं।

हालांकि विपक्ष की एक प्रमुख सहयोगी पार्टी टीएमसी के सदस्यों ने इस प्रस्ताव पर हस्ताक्षर नहीं किए। सूत्रों का कहना है कि यदि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को बोलने का अवसर दिया जाता है तो कांग्रेस प्रस्ताव वापस लेने पर विचार कर सकती है।



  • संविधान के अनुच्छेद 94(सी) के तहत यह प्रस्ताव मंगलवार को लोकसभा सचिवालय को सौंपे जाने की संभावना जताई जा रही है। विपक्ष का आरोप है कि नेता प्रतिपक्ष को बोलने की अनुमति नहीं दी जा रही, भाजपा सांसद निशिकांत दुबे की टिप्पणियों पर कार्रवाई नहीं हुई तथा कांग्रेस की महिला सांसदों पर बिना साक्ष्य आरोप लगाए गए।

    सोमवार को हुई विपक्षी दलों की बैठक में टीएमसी, वाम दल, डीएमके, सपा, राष्ट्रीय जनता दल, शिवसेना (उद्धव गुट) और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) सहित कई दल शामिल हुए थे। इसके बावजूद प्रस्ताव पर सर्वसम्मति नहीं बन सकी।

    विपक्ष का कहना है कि दो फरवरी से सदन में गतिरोध बना हुआ है। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव की चर्चा के दौरान राहुल गांधी को पूर्व सेना प्रमुख एम.एम. नरवणे के अप्रकाशित संस्मरण से जुड़ा मुद्दा उठाने की अनुमति नहीं दिए जाने के बाद विवाद बढ़ा। साथ ही, सदन की अवमानना के मामले में आठ विपक्षी सांसदों के निलंबन ने भी तनाव को और बढ़ा दिया।

    मंगलवार को भी लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही हंगामा होने लगा, जिसके चलते सदन की कार्रवाई दोपहर 12 बजे तक स्थगित करनी पड़ी। प्रश्नकाल के दौरान सपा सांसद इकरा हुसैन का सवाल भी शोर-शराबे के कारण पूरा नहीं हो सका और संबंधित मंत्री जवाब नहीं दे पाईं।

    विपक्ष लगातार आरोप लगा रहा है कि उसे सदन में अपनी बात रखने का पर्याप्त अवसर नहीं दिया जा रहा, जबकि सत्तापक्ष को पूरी छूट दी जा रही है। संसद में जारी इस टकराव के बीच आगे की रणनीति पर सभी दलों की नजर बनी हुई है।

    Share:

  • Pakistan's Defense Minister Khawaja Asif confesses in Parliament, saying, "America used us like toilet paper..."

    Wed Feb 11 , 2026
    Islamabad. Pakistan’s Defense Minister Khawaja Asif admitted in Parliament that the United States used Pakistan for its strategic interests and then “discarded it worse than toilet paper.” He said that Pakistan paid a heavy price for its involvement in America’s wars. Khwaja Asif questioned Pakistan’s re-activation in Afghanistan after 1999, saying that Islamabad then decided […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved