
पश्चिम बंगाल (West Bengal) में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले वहां सियासी पारा हाई है। एक दिन पहले जहां प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने राज्य की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) के पॉलिटिकल कंसल्टेंट I-PAC के ऑफिस और उसके निदेशक प्रतीक जैन के ठिकानों पर छापेमारी की, वहीं इसके खिलाफ पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Chief Minister Mamata Banerjee) ने शुक्रवार को कोलकाता में रैली निकाली। इस दौरान बनर्जी ने केंद्र सरकार पर जानबूझकर चुनावों से पहले केंद्रीय एजेंसियों के इस्तेमाल का आरोप लगाया और चेतावनी दी कि अगर उन पर और उनकी सरकार पर हद से ज़्यादा दबाव डाला गया, तो वह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के कथित कोयला घोटाले में शामिल होने से संबंधित पेन ड्राइव जारी कर देंगे।
2. MP: भोपाल भी पी रहा जहरीला पानी… 4 इलाकों में मिला ई-कोलाई बैक्टीरिया, स्लॉटर हाउस सील
मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की राजधानी भोपाल (Bhopal) और आसपास के इलाकों में दूषित पानी (Contaminated water) को लेकर हड़कंप मचा हुआ है। इस बीच भोपाल नगर निगम की जांच में शहर के चार अलग-अलग स्थानों पर ई-कोलाई बैक्टीरिया (E. coli bacteria) की पुष्टि हुई है। नगर निगम द्वारा अब तक लिए गए कुल 1,810 सैंपलों में से ये चार नमूने फेल पाए गए, जो मुख्य रूप से ट्यूबवेल और ग्राउंड वॉटर से जुड़े थे। भोपाल की मेयर मालती राय ने साफ किया है कि यह दूषित पानी निगम की मुख्य पाइपलाइन से सप्लाई होने वाला पानी नहीं है, बल्कि कच्चा जल है। इस मामले में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक स्लॉटर हाउस (बूचड़खाने) को भी सील कर दिया है क्योंकि वहां के नमूनों में गड़बड़ी पाई गई थी।
3. ईरान में विरोध प्रदर्शन लगातार जारी…. इंटरनेट बंद, इंटरनेशनल टेलीफोन सेवाओं पर भी रोक
लगातार विरोध प्रदर्शनों (Protests) के बीच ईरान (Iran) में इंटरनेट बंद (Internet shut down) कर दिया गया है। इसके अलावा अंतर्राष्ट्रीय टेलीफोन सेवाओं (International telephone services) पर भी रोक लगा दी गई है। इसके बावजूद प्रदर्शनकारियों का विरोध थम नहीं ले रहा है। प्रदर्शनकारियों द्वारा साझा किए गए वीडियो में देखा जा सकता है कि राजधानी तेहरान और अन्य क्षेत्रों की सड़कों पर मलबा बिखरा हुआ है और प्रदर्शनकारी अलाव जलाकर ईरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं। इन सबके बीच मरने वालों की संख्या बढ़कर 62 हो गई है।
4. अब सरकारी बंगलों में नहीं चलेगा कब्जा: नेता हो या अधिकारी बंगला खाली करने का नोटिस
मध्यप्रदेश में कई पूर्व मंत्री और अधिकारी सरकारी आवास (government House) खाली करने को तैयार नहीं हैं। इसे देखते हुए संपदा संचालनालय (Directorate of Estates) ने अब सख्ती शुरू कर दी है। सरकार ने साफ कर दिया है कि नियम सबके लिए बराबर हैं, चाहे वे अपनी ही पार्टी के बड़े नेता क्यों न हों। बिना पात्रता के सरकारी बंगलों का आनंद ले रहे पूर्व मंत्रियों, पूर्व सांसदों और आईएएस अधिकारियों को अब ‘बेदखली’ का डर सताने लगा है। अब सरकार ने पात्रता खत्म होने के बावजूद सरकारी बंगलों में जमे पूर्व मंत्रियों और आईएएस अफसरों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। बीजेपी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष स्व. प्रभात झा के परिवार को 13 जनवरी तक बंगला खाली करने का आखिरी अल्टीमेटम दिया गया है, अन्यथा बलपूर्वक कार्रवाई की जाएगी। साथ ही 4 आईएएस और कई पूर्व मंत्रियों को भी नोटिस जारी कर भारी जुर्माने की चेतावनी दी गई है।
5. ऑपरेशन सिंदूर से हिल गया पाकिस्तान का सिस्टम, CDS बोले- रणनीति बदलने पर हुआ मजबूर
भारत (India) ने पाकिस्तान (Pakistan) के खिलाफ मई 2025 में ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) चलाया था. इसके तहत पाकिस्तान में मौजूद आतंकी ठिकानों (Terrorist Hideouts) को तबाह कर दिया था. इसमें कई आतंकी भी मारे गए थे. इस ऑपरेशन ने पाकिस्तान को अपनी सैन्य रणनीति (Military Strategy) में ही बदलाव करने के लिए मजबूर किया है. सीडीएस जनरल अनिल चौहान (CDS General Anil Chauhan) ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान ने जो बदलाव किए उससे साफ है कि ऑपरेशन सिंदूर ने इस्लामाबाद की कमर तोड़ दी थी.
6. फडणवीस-शिंदे को फंसाने की किसने रची साजिश? ULC घोटाले पर पूर्व डीजीपी की रिपोर्ट से आया भूचाल
निकाय चुनाव (Nikaay Elections) से पहले महाराष्ट्र (Maharashtra) की राजनीति में बड़ा विस्फोट हुआ है। जिसने सियासत के साथ पुलिस विभाग (Police Department) में भूचाल ला दिया। पूरा मामला पूर्व पुलिस महानिदेशक रश्मि शुक्ला (EX DGP Rashmi Shukla) की ओर से तैयार की गई रिपोर्ट (Report) से जुड़ा है। जो कि उन्होंने रिटायरमेंट से कुछ दिन पहले सौंपी। इस रिपोर्ट में मौजूदा मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (Eknath shinde) को फंसाने की साजिश का सनसनीखेज आरोप लगाया गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पूर्व डीजीपी की यह रिपोर्ट महाराष्ट्र के गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव को सौंपी गई है। जिसमें दावा किया गया है कि पूर्व डीजीपी संजय पांडे 2021 के अर्बन लैंड सीलिंग (ULC) घोटाले में फडणवीस और शिंदे को फंसाना चाहते थे, जो 160 करोड़ रुपये का कथित भ्रष्टाचार का मामला है।
7. ‘बिना सुनवाई कोई आदेश न हो’, ED रेड के खिलाफ ममता सरकार ने शीर्ष अदालत में दाखिल किया कैविएट
प्रवर्तन निदेशालय (ED) और पश्चिम बंगाल (West Bengal) सरकार के बीच आई-पैक मामले को लेकर कानूनी टकराव तेज हो गया है। ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) सरकार ने सुप्रीम कोर्ट (SC) में कैविएट दाखिल कर दिया है। इस कैविएट में बंगाल सरकार ने अनुरोध किया है कि सुप्रीम कोर्ट कोई आदेश पारित करने से पहले उसका पक्ष सुने। सूत्रों के मुताबिक, ईडी इस मामले में सुप्रीम कोर्ट जाने की संभावना पर विचार कर रही है। एजेंसी मौजूदा कानूनी विकल्पों को अंतिम रूप देने से पहले सभी संभावनाओं पर गौर कर रही है। बता दें कि कैविएट उन मामलों में दाखिल किया जाता है ताकि अदालत किसी पक्ष की सुनवाई के बिना कोई निर्णय न ले सके।
8. ‘चुनाव आते ही ED को याद आते हैं दस्तावेज’, कपिल सिब्बल बोले- विपक्ष को डराने का औजार बनी एजेंसी
पश्चिम बंगाल में प्रवर्तन निदेशालय (ED ) कार्रवाई को लेकर राज्य से लेकर देशभर की राजनीति में गर्माहट तेज है। इसी बीच इस कार्रवाई को लेकर राज्यसभा सांसद कपिल सिब्बल (Kapil Sibal) ने केंद्र सरकार (Central Government) पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि चुनाव (Election) आते ही जांच एजेंसियों (Investigative Agencies) को अचानक दस्तावेजों की याद आ जाती है और इसका मकसद सिर्फ विपक्षी नेताओं को परेशान करना होता है। पत्रकारों से बातचीत के दौरान सिब्बल ने पश्चिम बंगाल में ईडी की कार्रवाई का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में जहां भाजपा चुनाव नहीं जीत सकती, वहां ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस (TMC) को परेशान करने के लिए ईडी का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि कोई भी जांच एजेंसी किसी दफ्तर में जाकर सभी फाइलें कैसे ले जा सकती है। अगर कोयला घोटाले की जांच करनी है तो उससे जुड़ी फाइलें लें, लेकिन हर फाइल ले जाना किस अधिकार में है? किसी भी जांच एजेंसी को ऐसा करने का हक नहीं है।
9.अयोध्या के राम मंदिर में नमाज पढ़ने की कोशिश, पुलिस ने कश्मीरी शख्स को हिरासत में लिया
अयोध्या (Ayodhya) में राम मंदिर परिसर (Ram Temple Complex) की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उस समय हड़कंप मच गया, जब एक कश्मीरी युवक (Kashmiri youth) को धार्मिक गतिविधि करते हुए सुरक्षा बलों ने हिरासत में लिया. सूत्रों के अनुसार, युवक ने राम मंदिर परिसर (Ram Temple Complex) के दक्षिणी परकोटे क्षेत्र में सीता रसोई के पास नमाज पढ़ने का प्रयास किया. युवक कश्मीरी वेशभूषा में था. युवक राममंदिर के गेट D1 से घुसा था. पकड़े गए युवक का नाम अब अहमद शेख है. वह कश्मीर के शोपियां का रहने वाला है. प्रत्यक्षदर्शियों और सूत्रों के हवाले से बताया जा रहा है कि सुरक्षा कर्मियों द्वारा रोके जाने पर युवक ने कथित तौर पर नारेबाजी शुरू कर दी, जिसके बाद मौके पर मौजूद सुरक्षा बलों ने उसे तत्काल हिरासत में ले लिया. घटना की सूचना मिलते ही खुफिया एजेंसियां, स्थानीय पुलिस और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी सक्रिय हो गए. युवक से पूछताछ की जा रही है और उसके इरादों व पृष्ठभूमि की गहन जांच की जा रही है.
10. बांग्लादेश में एक और हिंदू युवक की हत्या, पहले पीटा फिर जहर देकर मार डाला
बांग्लादेश (Bangladesh) में हिंदू समुदाय (Hindu community) के लोगों को निशाना बनाने की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं. ताजा मामला सुनामगंज जिले (Sunamganj District) का है. गुरुवार को जॉय महापात्रा नाम के हिंदू शख्स की हत्या कर दी गई. मृतक के परिवार का आरोप है कि एक स्थानीय व्यक्ति ने जॉय की बेरहमी से पिटाई की और फिर उसे जहर खिला दिया. इसके बाद जॉय को सिलहट के एमएजी उस्मानी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान दम तोड़ दिया. इससे कुछ दिन पहले ही 25 वर्षीय मिथुन सरकार की मौत का मामला सामने आया था. चोरी के शक में भीड़ उसकी पीछे पड़ गई थी. इसके बाद उसने भीड़ से बचने के लिए नहर में छलांग लगा दी थी. नहर में डूबने से उसकी मौत हो गई. उसका शव मंगलवार दोपहर को बरामद किया गया था.
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