बेंगलुरु। कर्नाटक की राजनीति में एक बार फिर पॉर्नगेट की गूंज सुनाई दे रही है। यहां के कुछ कन्नड़ समाचार चैनलों (Kannada news channels) ने कुछ फुटेज प्रसारित कर दावा किया कि कांग्रेस के विधान पार्षद प्रकाश राठौड़ (Legislative Councilor Prakash Rathore) शुक्रवार को विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान अपने मोबाइल फोन पर कथित रूप से अश्लील सामग्री देख रहे थे। राठौड़ (Prakash Rathore) ने इस आरोप को खारिज किया है।
बताया जा रहा है कि सदन की कार्यवाही के दौरान मोबाइल फोन में राठौड़ (Prakash Rathore) कोई वीडियो देखते दिखाई देते हैं जिसे समाचार चैनलों ने धुंधला कर प्रसारित किया। राठौड़ की इस हरकत को लेकर बीजेपी उन पर हमलावर हो गई है और राठौड़ का इस्तीफा मांग रही है।
वहीं पत्रकारों से बात करते हुए, राठौड़ ने कहा कि वह प्रश्नकाल के दौरान सरकार से पूछे जाने वाले अपने सवालों को लेकर मोबाइल फोन पर रखी गई समाग्री को ढूंढ रहे थे और फोन में स्टोरेज ना होने के कारण फाइल डाउनलोड नहीं हो पा रही थी इसलिए वह कुछ सामाग्री को डिलीट कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि जब मैं प्रश्न संबंधित फाइल की तलाश में था तो फोन में बहुत सारे संदेश थे जो मैं उन्हें हटा रहा था, क्योंकि मेरा फोन स्टोरेज भरा हुआ था। जो मीडिया में दिखाया है वह मुझे नहीं पता। मैं कभी ऐसी हरकत नहीं करूंगा।