
अगली सुनवाई पर कलेक्टर, निगमायुक्त के साथ डीसीपी ट्रैफिक को भी हाजिर रहने के निर्देश
इन्दौर। शहर (Indore) के बिगड़ते ट्रैफिक (worsening traffic) मामले में हाईकोर्ट (High Court) ने कल हुई सुनवाई के बाद आदेश जारी किया है। इसमें बीआरटीएस की एक लेन की रैलिंग 15 दिन में हटाने की कार्रवाई की मॉनीटरिंग के लिए 5 वकीलों की एक कमेटी बना दी है।
सुनवाई के दौरान बीआरटीएस तोडऩे का पूरा काम तीन माह में पूरा होने की जानकारी दी गई थी, लेकिन एक लेन की रैलिंग का काम 15 दिन में पूरा करने का आश्वासन दिया गया। इस पर कोर्ट ने एक मॉनीटरिंग कमेटी बना दी। इस कमेटी में एडवोकेट एनएस भाटी, कौस्तुभ पाठक, अजयराज गुप्ता, प्रद्युम्न किबे और जय शर्मा को लिया गया है। यह कमेटी बीआरटीएस रिमूवल कार्रवाई की रिपोर्ट 16 दिसंबर को होने वाली अगली सुनवाई पर कोर्ट के समक्ष पेश करेगी। इसी तरह जस्टिस विजयकुमार शुक्ला एवं जस्टिस बिनोदकुमार द्विवेदी की डिवीजन बेंच ने यह भी निर्देश दिए हैं कि अगली सुनवाई पर कलेक्टर एवं निगमायुक्त के साथ डीसीपी ट्रैफिक भी व्यक्तिगत रूप से हाजिर रहें। उल्लेखनीय है कि शहर की बदहाल ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर हाईकोर्ट में दायर अलग-अलग तीन जनहित याचिकाओं पर कल सुनवाई हुई थी। इसमें कोर्ट के निर्देश पर कलेक्टर एवं निगमायुक्त व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हुए थे। इस दौरान शहर के ट्रैफिक सुधार को लेकर हाईकोर्ट ने कई बिंदुओं पर नाराजगी जताई थी।