
पटना । बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में (In first phase of Bihar Assembly Elections) शिकायतों, आरोपों और तकनीकी दिक्कतों के बीच (Amid Complaints, Allegations and Technical Glitches) मतदान हुआ (Voting Took Place) । बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में 18 जिलों की 121 सीटों में से 104 सीटों पर सीधा मुकाबला है, जबकि 17 सीटों पर त्रिकोणीय लड़ाई देखी जा रही है । पूरे राज्य की 243 सीटों पर दो चरणों में चुनाव होना है और नतीजे 14 नवंबर को आएंगे ।
इस बीच बिहारशरीफ से चुनाव प्रक्रिया के दौरान एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई। जानकारी के अनुसार, यहां चार बीजेपी कार्यकर्ता पर्ची बांटते हुए पाए गए, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। स्थानीय प्रशासन का कहना है कि इस मामले की जांच शुरू कर दी गई है और अधिकारियों से घटना की विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। वोटिंग के दौरान तकनीकी अव्यवस्थाएं भी सामने आईं। कई जिलों में ईवीएम मशीनें खराब होने की शिकायतें मिलीं, जिसके कारण मतदान कुछ देर के लिए बाधित रहा।
वैशाली जिले के लालगंज क्षेत्र के बूथ संख्या 334 और 335 पर मशीन खराब होने के बाद लोगों में नाराज़गी देखी गई। मतदाताओं ने मौके पर ‘वोट चोर’ के नारे लगाए और स्थिति कुछ समय के लिए तनावपूर्ण बनी रही। दरभंगा के बूथ संख्या 153 पर भी तकनीकी खराबी के कारण वोटिंग शुरू नहीं हो सकी। राघोपुर में भी इसी समस्या के चलते मतदान रोकना पड़ा। चुनाव आयोग ने बताया कि कुल 10 जिलों से मशीन खराब होने की शिकायतें मिली हैं। अधिकतर बूथों पर वैकल्पिक ईवीएम लगाकर मतदान प्रक्रिया को बहाल कर दिया गया है।
राजनीतिक बयानों की तेज़ी भी मतदान के पहले चरण के दौरान जारी रही। राजद प्रमुख तेजस्वी यादव ने एक्स पर एक पोस्ट जारी कर भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि बैकुंठपुर विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के दो कार्यकर्ता लाखों रुपये नकद और मतदाताओं की सूची के साथ पकड़े गए। तेजस्वी ने इसे भाजपा की चुनावी हार का डर बताते हुए ‘घटिया राजनीति’ कहा और समर्थकों से सतर्क रहने की अपील की। भाजपा की ओर से इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा गया कि विपक्ष बेबुनियाद बातें फैलाकर चुनावी माहौल को प्रभावित करने का प्रयास कर रहा है। साथ ही मांग की गई कि चुनाव आयोग मामले में निष्पक्ष जांच करे।
सुबह के शुरुआती घंटों में मतदान की गति धीमी दिखी, लेकिन कई क्षेत्रों में मतदाताओं का उत्साह बरकरार रहा । सुरक्षा के लिहाज से प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी और संवेदनशील बूथों पर अतिरिक्त बल तैनात किया गया । चुनाव आयोग का कहना है कि मतदान प्रक्रिया को सुचारू रखने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए गए । पहले चरण की कई सीटें राजनीतिक रूप से काफी अहम मानी जा रही हैं। राघोपुर, हिलसा, नवादा, दरभंगा ग्रामीण और बख्तीपुर जैसी सीटों पर हाई-वोल्टेज मुकाबला देखने को मिल रहा है। कई प्रमुख नेता और पूर्व मंत्री भी इनमें से कई क्षेत्रों में मैदान में हैं, जिनके प्रदर्शन पर राज्य की राजनीति में आगामी समीकरणों का असर पड़ेगा।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved