img-fluid

आकाश आनंद ने मायावती से मांगी माफी, कहा- किसी पार्टी में नहीं जाऊंगा

October 02, 2026

लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी से निकाले जाने के 22 दिन बाद आकाश आनंद की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है. आकाश आनंद ने पूरे विवाद के लिए मायावती से माफी मांगी है. आकाश ने लिखा कि आप मेरी बुआ मां हैं और बीएसपी मेरा परिवार है. मैं इसे छोड़कर कहीं नहीं जा सकता. 10 सितंबर को मायावती ने आकाश आनंद और उनके ससुर अशोक सिद्धार्थ को बीएसपी से आजाद कर दिया था.

तब मायावती ने कहा था कि अशोक सिद्धार्थ के कहने पर आकाश आनंद मिशन से भटक गए हैं. इसलिए उन्हें बीएसपी से आजाद किया जाता है. इसके बाद मायावती ने आकाश के छोटे भाई ईशान को कॉर्डिनेटर नियुक्त किया था.


  • आकाश आनंद ने लिखा कि पिछले कई दिनों से सोशल मीडिया और मेन स्ट्रीम मीडिया में यह चर्चा तेज है कि मैं पार्टी छोड़ सकता हूं. यह पार्टी मेरा परिवार है. मैं किसी दल में नहीं जा रहा हूं. अपनी मेहनत के दम पर बीएसपी सुप्रीमो का विश्वास जीतूंगा. मैं मिशन के काम में फिर से लगूंगा. उन्होंने मायावती को संबोधित करते हुए कहा कि मैं सिर्फ आपके नेतृत्व में फिर से पार्टी और मिशन की सेवा का अवसर चाहता हूं. विश्वास शब्दों से नहीं, काम से बनता है, और मैं उसे अपने आचरण और अपनी मेहनत से साबित करूंगा.

    आकाश आनंद ने लिखा कि आपने अशोक सिद्धार्थ को पार्टी से निकाल दिया है. यह आपका फैसला सही है. मैं इसके समर्थन में हूं. आकाश ने आगे लिखा कि उस वक्त मैं आपके पोस्ट को इसलिए रिपोस्ट नहीं कर पाया, क्योंकि मैं सोशल मीडिया नहीं चला रहा था. आकाश का कहना है कि मेरी उस चुप्पी को गलत समझा गया, जिसके कारण अफवाहों को जगह मिली. अगर इससे आपको ठेस पहुंची है, तो मैं उसके लिए आपसे क्षमा चाहता हूं.

    Share:

  • RS चुनाव के लिए अखिलेश का 'मिशन मिलन', बागियों को वापस आने का न्योता!

    Fri Oct 2 , 2026
    डेस्क: उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों के लिए होने वाला चुनाव अब सिर्फ नंबर गेम नहीं, बल्कि दूसरे दलों के विधायकों को साधने की कवायद भी बन गया है. समाजवादी पार्टी (सपा) अपने दो उम्मीदवारों का नाम घोषित कर चुकी है और तीसरी सीट के लिए जरूरी नंबर जुटाने में लगी है. इसी बीच […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved