
नई दिल्ली। केंद्रीय सूचना प्रसारण राज्य मंत्री एल मुरुगन (L. Murugan) ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) के नेतृत्व वाली मंत्रिपरिषद (Ministers Council) और राज्यसभा (Rajya Sabha) की सदस्यता दोनों से इस्तीफा दे दिया है। मुरुगन ने प्रधानमंत्री को पांच पृष्ठों का पत्र लिखकर राज्य में जाकर संगठन को मजबूत करने की इच्छा जताई है। उनके इस्तीफे से केंद्रीय मंत्रिपरिषद में एक और पद रिक्त हो जाएगा। पहले से ही कई मंत्री पद खाली हैं।
वहीं, कुछ राज्यसभा सदस्यों को दोबारा कार्यकाल नहीं मिलने के कारण भी मंत्रिपरिषद में और पद रिक्त होंगे। ऐसे में इस बात की संभावना जताई जा रही है कि इसी माह केंद्रीय मंत्रिपरिषद का विस्तार और फेरबदल हो सकता है। हालांकि, इसे लेकर भाजपा नेतृत्व की तरफ से आधिकारिक रूप से कुछ नहीं कहा गया है।
तमिलनाडु में काम करने की जताई इच्छा
मुरुगन ने अपना इस्तीफा वाला पत्र एक्स पर पोस्ट किया है। प्रधानमंत्री मोदी को लिखे पत्र में उन्होंने कहा कि उनके नेतृत्व में भारत माता और तमिलनाडु की सेवा करना उनके जीवन का सबसे बड़ा सम्मान रहा है। विनम्रता और कृतज्ञता के साथ उन्होंने अनुरोध किया कि उन्हें राज्य मंत्री के रूप में जिम्मेदारियों से मुक्त कर दिया जाए और राज्यसभा की सदस्यता छोड़ने की भी अनुमति दी जाए, ताकि वह तमिलनाडु में पार्टी को मजबूत करने के लिए पूरा समय समर्पित कर सकें। मुरुगन मध्य प्रदेश से राज्यसभा सांसद हैं।
उन्होंने पत्र में लिखा, ‘पिछले पांच वर्षों से आपकी सरकार में सेवा करने का सम्मान दिए जाने के लिए मैं गहरी कृतज्ञता के साथ यह अनुरोध कर रहा हूं। दिहाड़ी मजदूरों के बेटे पर आपने जो भरोसा जताया, वह मेरे जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य बना रहेगा। अब मैं अपने लोगों और पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच अथक मेहनत करके उस भरोसे पर खरा उतरने के लिए आपका आशीर्वाद चाहता हूं।’
मुरुगन सितंबर 2021 से राज्यसभा के सदस्य हैं और अप्रैल 2024 में मध्य प्रदेश से उच्च सदन के लिए दोबारा निर्वाचित हुए थे। उनका कार्यकाल अप्रैल 2030 में समाप्त होगा। मंत्री ने कहा कि वह राज्यसभा की सदस्यता छोड़ना चाहते हैं।
खुद ही छोड़ने के लिए कहा था
मुरुगन ने कहा, ‘मैंने प्रधानमंत्री से मंत्रिपरिषद और राज्यसभा से मुझे मुक्त करने का अनुरोध किया है, क्योंकि मैं तमिलनाडु जाकर अपनी पार्टी को मजबूत करना चाहता हूं।’ उन्होंने कहा, ‘प्रधानमंत्री को लिखे अपने पत्र में मैंने कहा है कि मैं गांवों, गलियों और हर जगह जाकर अपनी पार्टी को मजबूत करना चाहता हूं और 2029 के लोकसभा चुनाव की तैयारी के लिए जमीन तैयार करना चाहता हूं।’
5 नए मंत्री आ सकते हैं
खास बात है कि इससे पहले जॉर्ज कुरियन इस्तीफा दे चुके हैं। वहीं, पार्टी के राज्यसभा सांसद रहे रवनीत सिंह बिट्टू ने भी जुलाई में इस्तीफा दे दिया था। वहीं हाल ही में केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को भी हाल ही में संपन्न राज्यसभा चुनाव में भाजपा ने उत्तर प्रदेश से दोबारा उम्मीदवार नहीं बनाया था। हालांकि, वह केंद्रीय मंत्रिपरिषद में बने हुए हैं। इसी तरह उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री बी एल वर्मा को भी उच्च सदन के चुनाव के लिए दोबारा उम्मीदवार नहीं बनाया गया था। वह भी अपने पद पर बने हुए हैं।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved