
नई दिल्ली। ईंधन संकट (Fuel Crisis) के बीच भारत सरकार (Indian Government) PNG यानी पाइप्ड नेचुरल गैस (Piped Natural Gas) को बढ़ावा देती नजर आ रही है। खबर है कि पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने मंगलवार को कहा है कि नए PNG कनेक्शन को 24 घंटों के अंदर ही मंजूरी दे दी जाए। अधिकारी ने बताया है कि घरेलू पीएनजी और सीएनजी ग्राहकों को 100 प्रतिशत सप्लाई की जा रही है। जबकि, कमर्शियल एलपीजी बिक्री को आंशिक रूप से बहाल कर दिया गया है।
अमेरिका और ईरान के बीच जारी युद्ध का सीधा असर दुनिया के ईंधन सप्लाई पर पड़ा है। दुनिया के सबसे अहम जलमार्गों में से एक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर ईरान ने रोक लगा दी थी, जिसके चलते दोनों ओर गैस के कई जहाज अटक गए हैं। हालांकि, हाल में ही भारत के तीन जहाज जलमार्ग को पार करने में सफल रहे हैं।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने ईंधन आपूर्ति और पीएनजी तक पहुंच बढ़ाने पर चर्चा की। उन्होंने कहा, ‘क्रूड की उपलब्धता मुद्दा नहीं है।’ उन्होंने जानकारी दी है रिफाइनरीज अपनी पूरी क्षमता पर काम कर रहीं हैं और रिटेल आउटलेट्स पर ईंधन की कोई भी कमी नहीं है।
PNG को बढ़ावा दे रही केंद्र सरकार
जनता को PNG की तरफ प्रोत्साहित करने को लेकर केंद्र ने राज्य सरकारों को और केंद्र शासित प्रदेशों को पत्र भी लिखा है। इसमें कहा गया है कि पाइपलाइन गैस से जुड़े आवेदनों पर तुरंत काम किया जाए। मंत्रालय के अनुसार, सरकार ने राज्यों से पीएनजी (PNG) से संबंधित नई अनुमतियों को 24 घंटे के भीतर मंजूरी देने और सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) पाइपलाइन प्रोजेक्ट्स के लिए मंजूरी में तेजी लाने के लिए कहा है।
खबर है कि बड़े शहरों में कमर्शियल एलपीजी ग्राहकों और शहरी इलाकों के उपभोक्ताओं से पीएनजी का इस्तेमाल करने के लिए कहा है। कई CGD कंपनियां नए कनेक्शन पर इन्सेंटिव भी दे रहीं हैं।
कैसे कर सकते हैं आवेदन
खास बात है कि सरकार कंपनियों को ही ग्राहकों तक पहुंचने के लिए कह रही है। शर्मा ने कहा कि CGD कंपनियों को सलाह दी गई है कि संभावित ग्राहकों तक पहुंचें और नए कनेक्शन्स में तेजी लाएं। इसके अलावा ग्राहक ईमेल, कस्टमर पोर्टल, लैटर या कॉल सेंटर समेत कई माध्यमों से आवेदन कर सकते हैं।
एलपीजी सप्लाई को लेकर जारी चिंताओं पर भी उन्होंने बात की। शर्मा ने कहा कि कुछ स्थानों पर यह मुद्दा है, लेकिन अब तक संसाधन पूरी तरह खत्म होने की खबर नहीं है। व्यावसायिक मांग संभालने के लिए, बिहार, दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, मणिपुर, गुजरात, हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक और उत्तराखंड सहित कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने सरकारी दिशानिर्देशों के अनुसार गैर-घरेलू एलपीजी आवंटित करने के आदेश जारी किए हैं।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved