img-fluid

ईरान-इजरायल जंग का असर: LPG संकट के बीच दूध सप्लाई पर भी संकट, डेयरियों के पास सिर्फ 10 दिन का पैकिंग स्टॉक

March 17, 2026

नई दिल्ली। खाड़ी क्षेत्र में जारी युद्ध का असर अब भारत में भी दिखाई देने लगा है। ईरान (Iran) द्वारा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) पर पाबंदी लगाए जाने से वैश्विक ऊर्जा सप्लाई चेन प्रभावित हो गई है। मिडिल ईस्ट, जो दुनिया में तेल और गैस (oil and gas) का बड़ा उत्पादक और सप्लायर माना जाता है, युद्ध की स्थिति में है। कई जगहों पर तेल और गैस रिफाइनरियों को निशाना बनाया जा रहा है, जिससे आयात-निर्यात का संतुलन बिगड़ गया है। इसका असर भारत पर भी पड़ रहा है। देश में LPG की कमी के कारण कई जगहों पर सिलेंडर के लिए लोगों को लंबी कतारों में लगना पड़ रहा है। सरकार को भी गैस वितरण से जुड़े कुछ नियमों में बदलाव करना पड़ा है।

गैस संकट के बीच दूध सप्लाई पर भी संकट

ऊर्जा संकट के गहराने से अब डेयरी सेक्टर की चिंता बढ़ गई है। डेयरी संचालकों का कहना है कि LPG की कमी के कारण दूध की प्रोसेसिंग, पाश्चुरीकरण और पैकेजिंग का काम प्रभावित हो रहा है। अगर जल्द स्थिति सामान्य नहीं हुई तो आने वाले दिनों में दूध की सप्लाई पर भी असर पड़ सकता है। उनका कहना है कि अगर गैस संकट लंबा चला तो अगले 10 दिनों के भीतर हालात और गंभीर हो सकते हैं।


  • डेयरी इंडस्ट्री में बढ़ी परेशानी

    दूध को सुरक्षित रखने और लंबे समय तक इस्तेमाल योग्य बनाने के लिए उसे सही तापमान पर गर्म कर पाश्चुरीकरण किया जाता है, जिसमें बड़ी मात्रा में LPG की जरूरत होती है। इसके अलावा दूध की प्लास्टिक पैकेजिंग और कार्टन तैयार करने की प्रक्रिया में भी गैस का इस्तेमाल होता है।

    गैस की कमी के कारण कंपनियों को पैकेजिंग सामग्री तैयार करने में दिक्कत आ रही है। महाराष्ट्र का डेयरी सेक्टर इस समस्या से सबसे ज्यादा प्रभावित बताया जा रहा है। गोवर्धन डेयरी के फाउंडर देवेंद्र शाह के अनुसार उनके पास पैकेजिंग सामग्री का स्टॉक केवल 10 दिन के लिए ही बचा है। यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो दूध की पैकेजिंग और सप्लाई बाधित हो सकती है।

    क्यों पैदा हुआ ऊर्जा संकट

    भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए बड़े पैमाने पर आयात पर निर्भर है। देश 40 से ज्यादा देशों से कच्चा तेल खरीदता है और प्राकृतिक गैस का बड़ा हिस्सा मिडिल ईस्ट से आता है। भारत अपनी जरूरत का लगभग 88% कच्चा तेल, 50% प्राकृतिक गैस और 60% LPG आयात के जरिए पूरा करता है।

    28 फरवरी को इजरायल और ईरान के बीच शुरू हुए संघर्ष के बाद ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट को बंद कर दिया। यह मार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति का करीब 20% और भारत के तेल-गैस आयात का लगभग 50 से 55% हिस्सा संभालता है। इसके बंद होने से भारत में गैस और तेल के आयात पर असर पड़ा है और देश को रिजर्व स्टॉक पर निर्भर रहना पड़ रहा है।

    भारत सरकार ईरान से बातचीत कर गैस से लदे जहाजों को होर्मुज से सुरक्षित निकालने की कोशिश कर रही है। LPG से भरे दो जहाज ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’ भारत पहुंच चुके हैं, जबकि अन्य जहाजों को भी इस मार्ग से निकालने की तैयारी की जा रही है।

    Share:

  • अफगानिस्तान पर पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक, दहला काबुल, तालिबान बोला-अस्पताल पर बम गिराया, 400 लोगों की मौत...

    Tue Mar 17 , 2026
    नई दिल्ली. पाकिस्तान (Pakistan) और अफगानिस्तान (Afghanistan) के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है. अफगानिस्तान का दावा है कि पाकिस्तान ने राजधानी काबुल (Kabul) के एक अस्पताल (Hospital) को एयरस्ट्राइक (Airstrikes) में निशाना बनाया है. इसमें 400 लोगों की जान चली गई और 250 से ज्यादा लोग घायल हो गए. हालांकि, पाकिस्तान की […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved