
नई दिल्ली। पश्चिम एशिया (West Asia) में बढ़ते तनाव और होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) के आसपास फिर से बढ़ी सैन्य गतिविधियों के बीच देश में एलपीजी सिलेंडर (LPG cylinder) की उपलब्धता को लेकर लोगों की चिंता बढ़ी है। सवाल उठ रहे हैं कि क्या रसोई गैस की किल्लत होगी, कीमतें बढ़ेंगी या फिर बुकिंग के नियमों में बदलाव किया जाएगा। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार ऐसी किसी स्थिति के संकेत नहीं हैं।
होर्मुज स्ट्रेट पर बढ़ा तनाव
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के संघर्ष विराम संबंधी बयानों के बाद होर्मुज स्ट्रेट क्षेत्र में फिर से गोलीबारी की घटनाएं सामने आई हैं। इससे दुनिया के सबसे व्यस्त तेल परिवहन मार्गों में शामिल इस समुद्री रास्ते की सुरक्षा को लेकर वैश्विक स्तर पर चिंता बढ़ी है।
भारत की 60% एलपीजी सप्लाई इसी मार्ग से
भारत की करीब 60 प्रतिशत एलपीजी सप्लाई होर्मुज स्ट्रेट के रास्ते आती है। इससे पहले संघर्ष के दौरान इस मार्ग पर संकट की आशंका जरूर बनी थी, लेकिन भारत ने सप्लाई और डिमांड का संतुलन बनाकर देशभर में रसोई गैस की आपूर्ति जारी रखी थी।
फिलहाल सप्लाई पर बड़ा असर नहीं
केप्लर के एनालिस्ट सुमित रितोलिया के अनुसार, मौजूदा हालात का भारत के कच्चे तेल आयात पर फिलहाल कोई बड़ा प्रभाव नहीं दिखाई दे रहा है। पिछले कुछ वर्षों में भारतीय रिफाइनरियों ने अपने आयात स्रोतों में विविधता लाई है, जिससे किसी एक मार्ग या देश पर निर्भरता कम हुई है।
उन्होंने बताया कि पिछले 100 दिनों में भारत के लिए कच्चे तेल की आपूर्ति लगभग सामान्य बनी रही है। रूस के अलावा सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात से वैकल्पिक मार्गों के जरिए भी तेल मिल रहा है। वहीं पश्चिमी अफ्रीका और लैटिन अमेरिका से आयात ने भी आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत बनाया है।
रूस बना सबसे बड़ा सप्लायर
जून में भारत का कच्चे तेल का आयात रिकॉर्ड 4.93 मिलियन बैरल प्रतिदिन पहुंच गया। इसमें रूस से करीब 2.7 मिलियन बैरल प्रतिदिन तेल खरीदा गया, जो कुल आयात का आधे से अधिक हिस्सा रहा। इसके साथ ही रूस भारत का सबसे बड़ा कच्चा तेल आपूर्तिकर्ता बना हुआ है।
शिपिंग और बीमा लागत बढ़ सकती है
रितोलिया का कहना है कि फिलहाल होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही जारी है, लेकिन यदि क्षेत्रीय तनाव लंबे समय तक बना रहता है तो मालभाड़ा और बीमा लागत बढ़ सकती है। हालांकि अमेरिकी प्रतिबंधों और व्यावसायिक कारणों के चलते भारतीय रिफाइनरियां ईरानी कच्चे तेल को फिलहाल विकल्प के रूप में नहीं अपनाएंगी।
10 जुलाई: LPG सिलेंडर के रेट में कोई बदलाव नहीं
10 जुलाई के लिए इंडियन ऑयल की जारी कीमतों के अनुसार घरेलू और कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
दिल्ली: 14.2 किलो घरेलू सिलेंडर 942 रुपये, 19 किलो कमर्शियल सिलेंडर 2930 रुपये।
कोलकाता: घरेलू सिलेंडर 968 रुपये, कमर्शियल सिलेंडर 3081.50 रुपये।
जयपुर: घरेलू सिलेंडर 945.50 रुपये, कमर्शियल सिलेंडर 2957.50 रुपये।
चेन्नई: घरेलू सिलेंडर 957.50 रुपये, कमर्शियल सिलेंडर 3106 रुपये।
सप्लाई और बुकिंग पहले जैसी
मौजूदा स्थिति में घरेलू एलपीजी की सप्लाई सामान्य बनी हुई है। सरकार और ऑयल मार्केटिंग कंपनियों का कहना है कि सिलेंडर की उपलब्धता को लेकर किसी तरह की कमी नहीं है। बुकिंग प्रक्रिया में भी कोई बदलाव नहीं किया गया है और उपभोक्ताओं को घबराकर अतिरिक्त सिलेंडर बुक करने की आवश्यकता नहीं है।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved