img-fluid

G7 से आगे निकलता BRICS, डॉलर निर्भरता घटाने की तेज हुई मुहिम; वैश्विक वित्तीय व्यवस्था पर पुतिन का बड़ा बयान

June 06, 2026

नई दिल्ली । वैश्विक अर्थव्यवस्था (Global Economy) में बदलते शक्ति संतुलन के बीच रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) ने अमेरिकी डॉलर (US Dollar) की अंतरराष्ट्रीय भूमिका और पश्चिमी देशों के वित्तीय प्रभाव को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि पश्चिमी देशों द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों, विदेशी संपत्तियों को फ्रीज करने की नीतियों और वैश्विक वित्तीय संस्थानों पर नियंत्रण के कारण अनेक देशों का भरोसा पारंपरिक वित्तीय व्यवस्था से कमजोर हुआ है। इसी कारण BRICS देशों (BRICS Nations) समेत कई उभरती अर्थव्यवस्थाएं अब अपनी राष्ट्रीय मुद्राओं (National Currencies) में व्यापार को बढ़ावा दे रही हैं।

एक प्रमुख आर्थिक मंच पर संबोधन के दौरान पुतिन ने कहा कि दुनिया की आर्थिक और व्यापारिक संरचना तेजी से बदल रही है। उनके अनुसार वैश्विक दक्षिण और BRICS देशों की बढ़ती आर्थिक भागीदारी अंतरराष्ट्रीय वित्तीय प्रणाली को नई दिशा दे रही है। उन्होंने दावा किया कि पश्चिमी देशों द्वारा वित्तीय साधनों का उपयोग राजनीतिक दबाव बनाने के लिए किया गया, जिससे कई देशों ने वैकल्पिक भुगतान प्रणालियों और स्थानीय मुद्राओं की ओर रुख करना शुरू कर दिया।

रूसी राष्ट्रपति ने यूक्रेन संघर्ष के बाद रूस पर लगाए गए आर्थिक प्रतिबंधों का उल्लेख करते हुए कहा कि विदेशी मुद्रा भंडार और वित्तीय संपत्तियों तक पहुंच सीमित किए जाने से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ी है। उनका कहना था कि इससे कई देशों को यह एहसास हुआ कि वैश्विक वित्तीय प्रणाली में अत्यधिक निर्भरता भविष्य में जोखिम पैदा कर सकती है। इसी वजह से अब विभिन्न राष्ट्र अपने व्यापारिक लेन-देन में स्थानीय मुद्राओं के उपयोग को प्राथमिकता दे रहे हैं।

पुतिन ने बताया कि रूस ने अपने कई प्रमुख व्यापारिक साझेदारों के साथ राष्ट्रीय मुद्रा आधारित व्यापार को बढ़ाया है। उन्होंने दावा किया कि रूस के निर्यात का बड़ा हिस्सा अब रूबल में किया जा रहा है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि डिजिटल वित्तीय साधनों और केंद्रीय बैंकों द्वारा विकसित डिजिटल मुद्राओं की भूमिका लगातार बढ़ रही है, जो भविष्य के वैश्विक वित्तीय ढांचे का महत्वपूर्ण हिस्सा बन सकती हैं।

अपने संबोधन में पुतिन ने BRICS समूह की आर्थिक प्रगति पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में वैश्विक आर्थिक वृद्धि में BRICS देशों का योगदान उल्लेखनीय रहा है। उनके अनुसार क्रय शक्ति समता के आधार पर BRICS देशों की संयुक्त आर्थिक क्षमता लगातार बढ़ रही है और यह समूह वैश्विक विकास का प्रमुख इंजन बनता जा रहा है। उन्होंने यह भी दावा किया कि BRICS देशों की विकास दर विकसित अर्थव्यवस्थाओं के मुकाबले अधिक मजबूत बनी हुई है।

रूसी राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि वैश्विक व्यापारिक मार्गों और लॉजिस्टिक नेटवर्क में बदलाव दिखाई दे रहा है। एशिया, मध्य पूर्व, मध्य एशिया और अन्य उभरते क्षेत्रों को जोड़ने वाले नए परिवहन और व्यापारिक कॉरिडोर तेजी से विकसित हो रहे हैं। उनका मानना है कि ये नए मार्ग वैश्विक व्यापार को अधिक विविध और संतुलित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

हालांकि वैश्विक वित्तीय व्यवस्था में अमेरिकी डॉलर अभी भी सबसे प्रभावशाली अंतरराष्ट्रीय मुद्रा बना हुआ है, लेकिन विभिन्न देशों द्वारा स्थानीय मुद्राओं में व्यापार बढ़ाने की पहल को वैश्विक आर्थिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में अंतरराष्ट्रीय व्यापार और भुगतान प्रणालियों में विविधता बढ़ सकती है, जिससे वैश्विक वित्तीय संरचना अधिक बहुध्रुवीय स्वरूप ग्रहण कर सकती है।


  • पुतिन के बयान ऐसे समय में आए हैं जब BRICS देशों के बीच आर्थिक सहयोग, वैकल्पिक भुगतान तंत्र और स्थानीय मुद्रा आधारित व्यापार को लेकर चर्चा लगातार तेज हो रही है। इससे वैश्विक वित्तीय व्यवस्था के भविष्य को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।

    Share:

  • टीएमसी में अंदरूनी खींचतान गहराई, 19 सांसदों के संभावित समीकरण से बढ़ा दबाव; ममता खुद करेंगी डैमेज कंट्रोल

    Sat Jun 6 , 2026
    नई दिल्ली । पश्चिम बंगाल (West Bengal) की राजनीति में जारी उथल-पुथल के बीच तृणमूल कांग्रेस (Trinamool Congress) अब एक नए राजनीतिक संकट (Political Crisis) की आशंका से जूझती दिखाई दे रही है। विधानसभा स्तर पर असंतोष और बगावत की खबरों के बाद पार्टी नेतृत्व की चिंता अब लोकसभा (Lok Sabha) में संभावित टूट की […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved