img-fluid

अमेरिका में भारतीय माता-पिता से जन्मे बच्चे की नागरिकता पर क्या है नियम? सुप्रीम कोर्ट के फैसले से समझिए पूरा मामला

July 01, 2026

वॉशिंगटन। अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) के हालिया फैसले ने वहां रह रहे लाखों भारतीय मूल (Indian values) के परिवारों को बड़ी राहत दी है। अदालत के निर्णय के बाद फिलहाल अमेरिका (US) में जन्म लेने वाले बच्चों को मिलने वाली जन्मसिद्ध (Birthright) नागरिकता की व्यवस्था पहले की तरह लागू रहेगी। इसका मतलब है कि एच-1बी वीजा, स्टूडेंट वीजा या अन्य अस्थायी वीजा पर रह रहे भारतीय दंपतियों के अमेरिका में जन्मे बच्चों की नागरिकता के नियमों में तत्काल कोई बदलाव नहीं होगा।

ट्रंप के आदेश में क्या था?

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक कार्यकारी आदेश जारी कर उन बच्चों को स्वतः अमेरिकी नागरिकता देने की व्यवस्था सीमित करने की कोशिश की थी, जिनके माता-पिता अमेरिका में अवैध रूप से या अस्थायी वीजा पर रह रहे हैं। इस प्रस्तावित बदलाव का असर एच-1बी वीजा धारकों सहित लाखों प्रवासी परिवारों पर पड़ सकता था।


  • अभी क्या कहता है अमेरिकी कानून?

    अमेरिकी संविधान के 14वें संशोधन की मौजूदा व्याख्या के अनुसार, अमेरिका की धरती पर जन्म लेने वाला बच्चा सामान्य रूप से अमेरिकी नागरिक माना जाता है। यह नियम उन मामलों पर भी लागू होता है, जहां माता-पिता एच-1बी वीजा, छात्र वीजा, अन्य अस्थायी वीजा या ग्रीन कार्ड पर रह रहे हों। इसी संवैधानिक प्रावधान के कारण जन्मसिद्ध नागरिकता की व्यवस्था पिछले लगभग 160 वर्षों से लागू है।

    भारतीय परिवारों के लिए क्यों अहम है फैसला?

    संयुक्त राज्य अमेरिका में भारतीय मूल के करीब 52 से 54 लाख लोग रहते हैं। इनमें बड़ी संख्या ऐसे पेशेवरों की है जो सूचना प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग, स्वास्थ्य सेवा और वित्त जैसे क्षेत्रों में एच-1बी वीजा पर कार्यरत हैं। ऐसे में जन्मसिद्ध नागरिकता से जुड़े किसी भी बदलाव का सीधा असर हजारों भारतीय परिवारों पर पड़ सकता था।

    सुप्रीम कोर्ट के फैसले का क्या असर होगा?

    सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद फिलहाल ट्रंप प्रशासन का वह प्रयास प्रभावी नहीं हो सका, जिसके जरिए कार्यकारी आदेश के माध्यम से जन्मसिद्ध नागरिकता को सीमित किया जाना था। मौजूदा स्थिति में अमेरिका में जन्म लेने वाले पात्र बच्चों को जन्म के साथ ही अमेरिकी नागरिकता मिलने का प्रावधान जारी रहेगा।

    क्या बच्चे की नागरिकता से माता-पिता को भी लाभ मिलेगा?

    इस फैसले का लाभ केवल अमेरिका में जन्मे बच्चे को मिलता है। इससे माता-पिता की आव्रजन स्थिति स्वतः नहीं बदलती। एच-1बी या अन्य अस्थायी वीजा पर रह रहे लोगों को अपने वीजा और कानूनी दर्जे से जुड़े सभी नियमों का पालन पहले की तरह करना होगा।

    अमेरिकी आव्रजन कानून के अनुसार, अमेरिका में जन्मा नागरिक बच्चा अपने माता-पिता को स्थायी निवास (ग्रीन कार्ड) के लिए तभी प्रायोजित कर सकता है, जब उसकी आयु 21 वर्ष पूरी हो जाए। इसलिए बच्चे के जन्म के साथ ही माता-पिता को स्थायी नागरिकता या ग्रीन कार्ड का अधिकार नहीं मिल जाता।

    Share:

  • भारत दौरे पर आएंगी जापान की PM सनाए ताकाइची…. निवेश को लेकर हो सकते हैं नए ऐलान

    Wed Jul 1 , 2026
    नई दिल्ली। जापान (Japan) की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची (Prime Minister Sanae Takaichi) की भारत यात्रा (India Tour) को कई मायनों में महत्वूर्ण माना जा रहा है। इस दौरान व्यापार, बुनियादी ढांचे में दीर्घकालिक निवेश, पूर्वोत्तर विकास, कृत्रिम बुद्धिमता के क्षेत्र में नए ऐलान किए जा सकते हैं। साथ ही हिंद प्रशांत क्षेत्र में चीन की […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved