
नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट टीम (Indian Cricket Team) के पूर्व दिग्गज ऑलराउंडर युवराज सिंह (Yuvraj Singh) आईपीएल 2027 में नई भूमिका में नजर आएंगे। उन्हें दिल्ली कैपिटल्स (Delhi Capitals) ने आगामी सीजन के लिए असिस्टेंट और बैटिंग कोच (Batting Coach)नियुक्त किया है। इस जिम्मेदारी के साथ युवराज अपने आईपीएल (IPL) कोचिंग करियर की शुरुआत करेंगे। भारतीय क्रिकेट में अपनी आक्रामक बल्लेबाजी और बड़े मैचों में प्रदर्शन के लिए पहचान बनाने वाले युवराज अब टीम के खिलाड़ियों को मार्गदर्शन देने का काम करेंगे।
युवराज सिंह की नियुक्ति के साथ दिल्ली कैपिटल्स में सौरव गांगुली के साथ उनकी पुरानी जोड़ी भी दोबारा नजर आएगी। भारतीय टीम के पूर्व कप्तान गांगुली आगामी सीजन में दिल्ली के हेड कोच की भूमिका निभाएंगे। युवराज उनके साथ मिलकर टीम की बल्लेबाजी और खिलाड़ियों की तैयारी से जुड़े पहलुओं पर काम करेंगे। दोनों पहले भारतीय क्रिकेट टीम के साथ जुड़ चुके हैं और अब फ्रेंचाइजी स्तर पर कोचिंग की जिम्मेदारी साझा करेंगे।
युवराज सिंह भारत की 2007 टी20 विश्व कप और 2011 वनडे विश्व कप जीत में अहम भूमिका निभा चुके हैं। दोनों टूर्नामेंट में उनके प्रदर्शन ने उन्हें भारतीय क्रिकेट के प्रमुख खिलाड़ियों में शामिल किया। अपने अंतरराष्ट्रीय करियर के दौरान उन्होंने बल्लेबाजी के साथ गेंदबाजी में भी योगदान दिया। अब उनका अनुभव दिल्ली कैपिटल्स के खिलाड़ियों के साथ साझा होगा। यह नियुक्ति उनके लिए भी एक नया अध्याय है, क्योंकि इससे पहले उन्होंने आईपीएल में किसी फ्रेंचाइजी के लिए औपचारिक कोचिंग की जिम्मेदारी नहीं संभाली थी।
हालांकि, युवराज पिछले कुछ समय से भारतीय क्रिकेट के कई युवा और उभरते खिलाड़ियों को मार्गदर्शन देते रहे हैं। इनमें शुभमन गिल और अभिषेक शर्मा जैसे नाम शामिल हैं। युवा बल्लेबाजों के साथ उनके काम और अनुभव को देखते हुए उनकी नई भूमिका को बल्लेबाजी विभाग के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दिल्ली कैपिटल्स के साथ अब उन्हें टीम के खिलाड़ियों की तकनीक, बल्लेबाजी की तैयारी और मैदान पर प्रदर्शन से जुड़े मामलों में योगदान देने का अवसर मिलेगा।
दिल्ली कैपिटल्स के साथ युवराज का पुराना रिश्ता भी रहा है। वह 2015 में इस फ्रेंचाइजी का हिस्सा बने थे, जब टीम को दिल्ली डेयरडेविल्स के नाम से जाना जाता था। उस समय उन्हें 16 करोड़ रुपये में खरीदा गया था और वह आईपीएल इतिहास के सबसे महंगे खिलाड़ी बने थे। उन्होंने उस सीजन में टीम के सभी 14 मुकाबले खेले थे। अब करीब 11 साल बाद वह इसी फ्रेंचाइजी से जुड़े हैं, लेकिन इस बार उनकी भूमिका खिलाड़ी की नहीं, बल्कि कोचिंग स्टाफ के सदस्य की होगी।
दिल्ली कैपिटल्स अब तक आईपीएल का खिताब नहीं जीत पाई है। टीम 2020 में फाइनल तक पहुंची थी, लेकिन इसके बाद उसे ट्रॉफी हासिल करने में सफलता नहीं मिली। आगामी सीजन में फ्रेंचाइजी खिताब जीतने के लक्ष्य के साथ मैदान पर उतरेगी। सौरव गांगुली के हेड कोच और युवराज सिंह के असिस्टेंट तथा बैटिंग कोच बनने से टीम के कोचिंग ढांचे में बदलाव आया है। अब दोनों पूर्व भारतीय दिग्गज आगामी सीजन की तैयारी में खिलाड़ियों के साथ काम करेंगे।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved