
नई दिल्ली। टी20 वर्ल्ड कप 2026(T20 World Cup 2026) में सेमीफाइनल का पहला टिकट इंग्लैंड(England) ने अपने नाम कर लिया है। हैरी ब्रूक(Harry Brook) की अगुवाई में इंग्लैंड ने सुपर-8 में पाकिस्तान(England defeated Pakistan) को हराकर सेमीफाइनल(semi-finals) में अपनी जगह पक्की कर दी। पाकिस्तान (Pakistan,)के खिलाफ इस मुकाबले में इंग्लैंड(England) को 165 रनों का लक्ष्य मिला, जिसे कप्तान ब्रूक के ऐतिहासिक शतक की बदौलत टीम ने 2 विकेट रहते हासिल कर लिया। हैरी ब्रूक टी20 वर्ल्ड कप(T20 World Cup) इतिहास में कप्तान के रूप में शतक लगाने वाले पहले खिलाड़ी बन गए हैं। इससे पहले इंग्लैंड(England) ने श्रीलंका (Sri Lanka)को भी उनके ही घर पर मात दी थी। अब बचे तीन सेमीफाइनल के लिए कुल सात टीमें दावेदार बनी हुई हैं, और सुपर-8 में अभी कोई भी टीम अधिकारिक रूप से टूर्नामेंट से बाहर नहीं हुई है।
पाकिस्तान के लिए स्थिति अभी खुली हुई है। सलमान आगा की कप्तानी वाली टीम का आखिरी मैच श्रीलंका के खिलाफ है। यदि पाकिस्तान यह मुकाबला जीत लेता है, तो उन्हें न्यूजीलैंड की हार की दुआ करनी होगी। न्यूजीलैंड अगले दो मैच हारता है तो पाकिस्तान आसानी से सेमीफाइनल का टिकट पा सकता है, वरना नेट रन रेट पर मामला फंस जाएगा।
न्यूजीलैंड के लिए स्थिति थोड़ी जटिल है। कीवी टीम को सुपर-8 में श्रीलंका और इंग्लैंड के खिलाफ दो मुकाबले खेलने हैं। यदि न्यूजीलैंड दोनों मैच जीत जाता है, तो सेमीफाइनल में पहुंचने से कोई रोक नहीं सकता, लेकिन एक मैच हारने की स्थिति में उन्हें अन्य टीमों के नतीजों पर निर्भर रहना होगा।
श्रीलंका के लिए भी चुनौती बड़ी है। टीम को सेमीफाइनल में जाने के लिए न्यूजीलैंड और पाकिस्तान दोनों मैच जीतने होंगे। यदि ऐसा होता है तो उनके खाते में अधिकतम 4 अंक होंगे, और फिर उन्हें न्यूजीलैंड के कम अंक हासिल करने की उम्मीद करनी होगी।
साउथ अफ्रीका ने भारत को हराकर अपनी राह आसान कर ली है। उनके बचे दो मैच वेस्टइंडीज और जिम्बाब्वे के खिलाफ हैं। यदि दोनों मैच जीत जाते हैं तो सेमीफाइनल सुनिश्चित हो जाएगा, जबकि एक हार उन्हें नेट रन रेट के जाल में फंसा सकती है।
वेस्टइंडीज का समीकरण भी साउथ अफ्रीका के जैसा ही है। पहले मैच में जिम्बाब्वे को हराने के बाद अब उन्हें बचे दोनों मैच जीतने होंगे। एक भी हार की स्थिति में मामला नेट रन रेट पर जाएगा।
जिम्बाब्वे के लिए भी टूर्नामेंट पूरी तरह से खत्म नहीं हुआ है। सिकंदर रजा की टीम को भारत और साउथ अफ्रीका जैसे मजबूत विरोधियों से बचे दो मैच जीतने होंगे। इसके बाद नेट रन रेट के आधार पर उन्हें नॉकआउट राउंड में जगह मिल सकती है।
टीम इंडिया का समीकरण फिलहाल सबसे पेचीदा है। सूर्यकुमार यादव की कप्तानी वाली टीम को साउथ अफ्रीका से मिली 76 रनों की हार ने नेट रन रेट पर गहरा असर डाला है। भारत को बचे दोनों मैच जीतने होंगे और नेट रन रेट भी सुधारना होगा। इसके अलावा, भारत साउथ अफ्रीका की वेस्टइंडीज पर जीत की भी दुआ कर सकता है। यदि यह स्थिति बनती है, तो टीम इंडिया बिना नेट रन रेट के भी सेमीफाइनल में पहुंच सकती है।
इस तरह, टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर-8 चरण में अभी भी मुकाबला रोमांचक बना हुआ है और अगले मैचों में किसी भी टीम की किस्मत पलट सकती है।
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