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Twisha Sharma Case: एसजी बोले- ऐसी घटना से अच्छा, हो जाए तलाक; सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी- निष्पक्ष जांच जरूरी

May 25, 2026

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने त्विषा शर्मा मामले का स्वत: संज्ञान लेते सोमवार को इस पर सुनवाई की। इस दौरान मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कहा कि यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है और इसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है। उन्होंने इस मामले को सनसनीखेज बनाने से बचने की भी सलाह दी।

सुप्रीम कोर्ट ने त्विषा शर्मा की मौत को अप्राकृतिक मृत्यु माना है। सीजेआई सूर्यकांत ने सुनवाई के दौरान कहा कि इस मामले में दो या तीन पहलू थे। पहला दूसरे पोस्टमार्टम से जुड़ा है, जो पूरा हो चुका है। उन्होंने मीडिया से अपील करते हुए कहा कि कुछ कार्रवाइयों से हमें पीड़ा हुई है। हम अपने मीडिया मित्रों से अनुरोध करेंगे कि वे पीड़ित परिवार या दूसरे परिवार के बयान न लें। मामले को कानून और प्रक्रिया के अनुसार आगे बढ़ने दें।

सीजेआई ने कहा कि सास पूर्व जिला न्यायाधीश हैं और यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि यह कहा जा रहा है कि न्यायपालिका निष्पक्ष सुनवाई नहीं होने दे रही है। उन्होंने कहा कि हमें पूरा विश्वास है कि पीड़ित और आरोपी जांच में सहयोग करेंगे। हमें अपनी सरकारी एजेंसियों और सीबीआई पर भी पूरा भरोसा है। जो भी जांच करेगा, वह निश्चित रूप से जांच को तार्किक निष्कर्ष तक पहुंचाएगा और सच्चाई का पता लगाएगा।


  • सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि पूर्व न्यायाधीश और मृतका की सास गिरिबाला सिंह एक चैनल से दूसरे चैनल पर जाकर त्विषा को बदनाम कर रही हैं। इससे जांच में बाधा हो रही है। सुप्रीम कोर्ट ने आदेश देते हुए संभावित गवाहों और आरोपियों के मीडिया को बयान देने पर रोक लगा दी है।

    सुप्रीम कोर्ट ने सॉलिसिटर जनरल के इस आश्वासन पर ध्यान दिया है कि सीबीआई जांच के संबंध में जल्द ही फैसला लिया जाएगा। सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल ने कहा कि ऐसी दुर्भाग्यपूर्ण घटना का सामना करने से बेहतर है कि बेटी का तलाक हो जाए।

    सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हम यह सुनिश्चित करेंगे कि घटना की निष्पक्ष जांच हो। सुप्रीम कोर्ट ने मीडिया से अनुरोध किया है कि वह पीड़िता के परिवार के बयान रिकॉर्ड न करे और उनके दर्द को सनसनीखेज बयानों तक सीमित न करे। सुप्रीम कोर्ट ने त्विषा शर्मा के शव का तुरंत दूसरा पोस्टमार्टम कराने के लिए मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की सराहना की।

    आरोपी के वकील ने सुप्रीम कोर्ट को आश्वासन दिया है कि पूर्व न्यायाधीश और त्विषा की सास गिरिबाला सिंह जांच के संबंध में मीडिया से कोई बयान नहीं देंगी।

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