img-fluid

भजनलाल शर्मा और वसुंधरा राजे के प्रभाव वाले क्षेत्रों में BJP पिछड़ी, निकाय चुनाव में कांग्रेस और निर्दलीयों का मजबूत प्रदर्शन

September 15, 2026

नई दिल्ली । राजस्थान के निकाय चुनाव (Rajasthan Civic Elections) के नतीजों में भारतीय जनता पार्टी (Bharatiya Janata Party) को कई प्रमुख क्षेत्रों में झटका लगा है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा (Bhajanlal Sharma), पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे (Vasundhara Raje), केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव (Bhupender Yadav), गजेंद्र सिंह शेखावत (Gajendra Singh Shekhawat), अर्जुन राम मेघवाल (Arjun Ram Meghwal) और प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ जैसे बड़े नेताओं के प्रभाव वाले क्षेत्रों में पार्टी कई जगह स्पष्ट बहुमत हासिल नहीं कर सकी।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के गृह जिले भरतपुर का परिणाम BJP के लिए खास रहा। 65 वार्ड वाले भरतपुर नगर निगम में निर्दलीय उम्मीदवारों ने 36 सीटों पर जीत दर्ज की। BJP को 20 वार्ड मिले, जबकि कांग्रेस सात सीटों पर सिमट गई। बहुजन समाज पार्टी और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी को एक-एक सीट मिली। निर्दलीयों की बड़ी संख्या ने यहां बोर्ड गठन का पूरा समीकरण बदल दिया।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने निकाय चुनाव के दौरान प्रचार में सक्रियता दिखाई थी और रोड शो भी किए थे। इसके बावजूद भरतपुर में पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला। परिणाम के बाद यह क्षेत्र BJP के लिए प्रमुख राजनीतिक चुनौती के रूप में सामने आया है।

जोधपुर नगर निगम में भी किसी एक दल को बहुमत नहीं मिला। कुल 100 वार्डों में BJP और कांग्रेस दोनों ने 44-44 सीटें जीतीं। वहीं 11 वार्डों में निर्दलीय उम्मीदवार विजयी रहे। ऐसे में दोनों प्रमुख दलों के बीच बराबरी के मुकाबले के साथ निर्दलीयों की भूमिका महत्वपूर्ण हो गई।

केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के संसदीय क्षेत्र अलवर में BJP ने 28 सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि कांग्रेस को 23 सीटें मिलीं। निर्दलीय उम्मीदवारों ने 13 वार्डों में जीत हासिल की और एक सीट बहुजन समाज पार्टी के खाते में गई। यहां भी BJP को स्पष्ट बहुमत नहीं मिल सका।

BJP के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ के गृह जिले पाली में भी पार्टी बहुमत से दूर रही। 65 वार्डों में कांग्रेस ने 29 सीटें जीतीं, जबकि BJP को 21 सीटें मिलीं। निर्दलीय उम्मीदवार 15 वार्डों में विजयी रहे। बहुमत के लिए 34 सीटों की जरूरत थी, इसलिए पाली में बोर्ड गठन के लिए निर्दलीयों का समर्थन महत्वपूर्ण होगा।

पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के राजनीतिक प्रभाव वाले झालावाड़ में BJP को बड़ा झटका लगा। झालावाड़ नगर परिषद की 45 सीटों में कांग्रेस ने 29 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल किया। BJP यहां सत्ता से बाहर हो गई।

केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल के क्षेत्र बीकानेर में भी कांग्रेस ने बढ़त बनाई। 80 वार्ड वाले नगर निगम में कांग्रेस ने 42 सीटें जीतकर बहुमत हासिल किया, जबकि BJP को 27 सीटें मिलीं। कांग्रेस को बोर्ड बनाने के लिए किसी अन्य दल या निर्दलीय के समर्थन की जरूरत नहीं रही।

इन परिणामों में भरतपुर, पाली, झालावाड़, जोधपुर, अलवर और बीकानेर जैसे प्रमुख शहर शामिल हैं। कई जगह BJP बहुमत से दूर रही, जबकि कुछ क्षेत्रों में कांग्रेस ने स्पष्ट बढ़त हासिल की। निर्दलीय उम्मीदवारों की जीत ने भी कई निकायों में राजनीतिक समीकरण प्रभावित किए हैं।


  • निकाय चुनाव में BJP के कई वरिष्ठ नेताओं की प्रतिष्ठा जुड़ी हुई थी। चुनाव से पहले पार्टी की ओर से जीत और बोर्ड गठन को लेकर दावे किए गए थे, लेकिन परिणामों में कई प्रभावशाली क्षेत्रों में पार्टी को अपेक्षित सफलता नहीं मिली।

    Share:

  • भारत से 3 विदेशी यात्री बिना दस्तावेज दिखाए उड़ गए जर्मनी .... मचा हडकंप

    Tue Sep 15 , 2026
    नई दिल्ली। भारत (India) में बगैर जरूरी दस्तावेज दिखाए तीन विदेशी यात्री जर्मनी (Foreign Traveler Germany) के लिए उड़ान भर गए। अब इस घटना के बाद से हड़कंप है और केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इस संबंध में बड़ी बैठक बुलाई है। फिलहाल, इन यात्रियों की पहचान स्पष्ट नहीं हो सकी है और कहा जा रहा […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved