img-fluid

पाकिस्तान को एक और झटका: चीनी कंपनी ने ग्वादर से समेटा कारोबार, CPEC पर बढ़ी चिंता

May 03, 2026

इस्लामाबाद। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के बाद अब चीन से भी पाकिस्तान (Pakistan) को बड़ा झटका लगा है। ग्वादर फ्री ज़ोन (Gwadar Free Zone) में काम कर रही चीनी कंपनी हैंगेंग ट्रेड (Hangeng Trade) कंपनी ने 1 मई 2026 से अपना संचालन स्थायी रूप से बंद करने का ऐलान कर दिया है। इस फैसले से चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (CPEC) के भविष्य को लेकर नई चिंताएं खड़ी हो गई हैं।

कंपनी ने अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस पर जारी बयान में कहा कि खराब कारोबारी माहौल, नीतिगत अनिश्चितता, प्रशासनिक अड़चनें और निर्यात में रुकावटें उसके बंद होने की मुख्य वजह हैं। कंपनी के मुताबिक, पिछले तीन महीनों से उसे लगातार भारी वित्तीय नुकसान उठाना पड़ रहा था।


  • निर्यात अटका, बढ़ा घाटा

    कंपनी ने आरोप लगाया कि अंतरराष्ट्रीय मानकों को पूरा करने के बावजूद उसके शिपमेंट बार-बार फंसते रहे। समस्या के समाधान के लिए पाकिस्तानी अधिकारियों से संपर्क किया गया, लेकिन कोई ठोस नतीजा नहीं निकला।

    कारखाना बंद करने से पहले कंपनी ने कर्मचारियों की तीन महीने की सैलरी, बिजली बिल और अन्य देनदारियां चुकाने का दावा किया है। साथ ही सभी कर्मचारियों को नौकरी से निकालने की घोषणा भी की गई।

    निवेशकों को चेतावनी

    कंपनी ने ग्वादर में निवेश को लेकर भविष्य के निवेशकों को सावधान रहने की सलाह दी है। उसने कहा कि इस क्षेत्र में काम करने के लिए स्पष्ट और स्थिर नीतिगत माहौल बेहद जरूरी है।

    क्या करती थी कंपनी?

    यह कंपनी ग्वादर नॉर्थ फ्री ज़ोन में बड़े पैमाने पर डंकी प्रोसेसिंग यूनिट चला रही थी और CPEC के तहत विकसित हो रहे ग्वादर पोर्ट इकोसिस्टम का हिस्सा थी।

    पाकिस्तान के लिए दोहरी चुनौती

    इस घटनाक्रम से पहले ही संयुक्त अरब अमीरात पाकिस्तान से अपना 3 अरब डॉलर से अधिक का कर्ज वापस ले चुका है। अब ग्वादर जैसे रणनीतिक क्षेत्र से चीनी कंपनी का हटना आर्थिक और कूटनीतिक दोनों दृष्टि से झटका माना जा रहा है।

    शहबाज शरीफ के दौरे पर असर

    यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ चीन दौरे की तैयारी में हैं। ऐसे में यह घटनाक्रम विदेशी निवेशकों के भरोसे और पाकिस्तान में निवेश माहौल पर सवाल खड़े कर सकता है।


    क्षेत्रीय तनाव भी बढ़ा

    इसी बीच पश्चिम एशिया में ईरान और अमेरिका के बीच तनाव बना हुआ है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों देशों के बीच बातचीत की कोशिशें जारी हैं, लेकिन अमेरिका ने ‘इकोनॉमिक फ्यूरी’ पहल के तहत ईरान पर नए आर्थिक प्रतिबंध लगा दिए हैं।

    अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने ईरान के विदेशी मुद्रा नेटवर्क और उससे जुड़ी कंपनियों को निशाना बनाया है। आरोप है कि ये नेटवर्क तेल राजस्व को अन्य मुद्राओं में बदलकर सरकारी और सैन्य गतिविधियों में इस्तेमाल करते हैं। ग्वादर से चीनी कंपनी का बाहर निकलना, UAE का कर्ज वापसी कदम और क्षेत्रीय भू-राजनीतिक तनाव—ये सभी मिलकर पाकिस्तान के लिए आर्थिक और रणनीतिक चुनौतियों को और गहरा कर रहे हैं।

    Share:

  • जबलपुर : बरगी डैम हादसे में मृतकों की संख्या पहुंची तेरह, बच्चे समेत दो के शव और मिले

    Sun May 3 , 2026
    जबलपुर. जबलपुर (Jabalpur) जिले स्थित बरगी डैम (Bargi Dam) में हुए क्रूज नाव हादसे (Cruise Boat Accidents) में मृतकों की संख्या बढ़कर 13 हो गई है। पुलिस के अनुसार, रविवार सुबह एक पांच वर्षीय बच्चे और उसके चाचा के शव बरामद किए गए। पुलिस ने बताया कि पांच वर्षीय मयूरम और उसके करीब 50 वर्षीय […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved