
उज्जैन। शरद पूर्णिमा पर महाकालेश्वर भगवान को मेवेयुक्त मीठी खीर का भोग लगाया गया। संध्या आरती के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। इधर कल 27 अक्टूबर से महाकाल मंदिर में आरती के समय में बदलाव होगा।
पुजारी आशीष शर्मा ने बताया कि कार्तिक कृष्ण प्रतिपदा से फाल्गुन शुक्ल पूर्णिमा तक तीन आरतियां नए समय पर होंगी। नई व्यवस्था के अनुसार, सुबह की दद्योदक आरती सुबह 7:30 से 8:15 बजे तक, भोग आरती सुबह 10:30 से 11:15 बजे तक और संध्या आरती शाम 6:30 से 7:15 बजे तक होगी। आरती के समय में बदलाव के बावजूद भस्म आरती, सायंकालीन पूजन और शयन आरती के समय में परिवर्तन नहीं होगा। भस्म आरती सुबह 4 से 6 बजे तक, सायंकालीन पूजन शाम 5 से 5:45 बजे तक और शयन आरती रात 10:30 से 11 बजे तक पूर्व निर्धारित समय पर होगी। श्रद्धालुओं को दर्शन की योजना बनाते समय बदली हुई समय-सारिणी का ध्यान रखना होगा।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved