
डेस्क: ईरान से समझौता करने में जुटे अमेरिका ने इजराइल को एक और झटका दिया है. दरअसल, मिडिल ईस्ट में इजराइल की कोशिश सोमालीलैंड के रूप में एक नए मुल्क बनाने की थी. हाल ही में तेल अवीव ने सोमालीलैंड को सोमालिया से अलग एक मुल्क के रूप में मान्यता भी दी थी. उसे अमेरिका से भी इसे नए मुल्क के तौर पर मान्यता देने की उम्मीद थी, लेकिन वाशिंगटन ने सोमालिया की एकता और अखंडता की पुष्टि की है.
मिडिल ईस्ट आई की रिपोर्ट के मुताबिक सऊदी और अन्य अरब देशों के दबाव के बाद अमेरिका ने सोमालिया की एकता और अखंडता की पुष्टि की है. यानी अमेरिका सोमालीलैंड को फिलहाल एक मुल्क के तौर पर मान्यता नहीं देने जा रहा है.
अमेरिकी विदेश विभाग ने कांग्रेस को सोमालीलैंड को लेकर एक रिपोर्ट दी है. इसमें कहा गया है कि सोमालीलैंड के विकास के लिए सोमालिया में शामिल किया गया था. सोमालीलैंड के साथ अमेरिका के बेहतरीन संबंध हैं, लेकिन वाशिंगटन सोमालिया की संप्रभुता और अखंडता की पुष्टि करता है.
रिपोर्ट में अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से कहा गया है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप शायद ही सोमालीलैंड को मान्यता देंगे. क्योंकि, अरब और मुस्लिम देशों का उन पर दबाव है. सऊदी, कतर और पाकिस्तान जैसे देशों ने इसका खुलकर विरोध किया है.
ट्रंप प्रशासन का मानना है कि सोमालीलैंड को मान्यता देने की बजाय पूरे सोमालिया को अपने कंट्रोल में लेने की कवायद की जानी चाहिए. ट्रंप कई मौकों पर सोमालिया की सरकार और व्यवस्था की आलोचना कर चुके हैं. ट्रंप सोमालिया को बेईमानों का मुल्क कहते हैं.
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved