लंदन। ब्रिटेन में स्काइडाइविंग (Skydiving in Britain) के दौरान एक 35 वर्षीय महिला के साथ ऐसा खतरनाक हादसा हुआ, जिसमें उसके हजारों फीट की ऊंचाई से बिना खुले पैराशूट (Parachute) के गिरने के बावजूद जान बच गई। महिला हवा में ही बेहोश हो गई थी और करीब 10 हजार फीट तक बिना पैराशूट खुले नीचे गिरती रही। आखिरकार एक पेड़ से टकराने के कारण उसकी गिरने की गति कम हुई और उसकी जान बच गई।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, घटना 7 अगस्त को नॉटिंघम के पास स्थित लैंगर एयरफील्ड में हुई। होली विफन नाम की महिला एक समूह के साथ करीब 12 हजार फीट की ऊंचाई से स्काइडाइविंग कर रही थीं। इस दौरान समूह ‘ट्रैकिंग’ तकनीक का इस्तेमाल कर रहा था, जिसमें स्काइडाइवर शरीर को लगभग क्षैतिज स्थिति में रखकर तेजी से नीचे आते हैं।
स्काइडाइविंग के दौरान अचानक एक अन्य स्काइडाइवर का पैर होली के सिर से टकरा गया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि वह हवा में ही बेहोश हो गईं। बेहोशी के कारण वह अपना पैराशूट खोलने की स्थिति में नहीं थीं और लगातार तेज गति से नीचे गिरती रहीं।
होली को इस हालत में नीचे गिरते देखकर एक अन्य स्काइडाइवर ने उनका पीछा किया और उन्हें हवा में पकड़ने की कोशिश की। हालांकि, करीब 3,000 फीट की ऊंचाई तक पहुंचने के बाद उसे अपना पैराशूट खोलना पड़ा। इसके बाद होली लगातार नीचे गिरती रहीं। हादसे का कुछ हिस्सा उनके हेलमेट पर लगे कैमरे में भी रिकॉर्ड हुआ।
रिपोर्टों के मुताबिक, होली करीब 10 हजार फीट तक बिना खुले पैराशूट के नीचे आईं। उन्हें इस दौरान हुई घटनाओं की बहुत कम याद है। बाद में उन्होंने बताया कि उन्हें ऐसा महसूस हो रहा था जैसे वह सपना देख रही हों और स्काइडाइविंग कर रही हों। उनकी अगली स्पष्ट याद तब आई, जब उन्होंने खुद को जमीन पर पाया।
होली निर्धारित लैंडिंग स्थल पर नहीं पहुंचीं, बल्कि एक पेड़ से जा टकराईं। पेड़ ने उनके गिरने की रफ्तार को काफी कम कर दिया। माना जा रहा है कि इसी वजह से उनकी जान बच सकी।
हादसे के बाद होली को अस्पताल ले जाया गया। दुर्घटना में उनकी बाईं टांग टूट गई और रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर हुआ। शरीर के कई हिस्सों में चोटें और गंभीर नीले निशान भी आए। इसके बावजूद हजारों फीट की ऊंचाई से बिना खुले पैराशूट के गिरने के बाद उनका जीवित बचना बेहद असाधारण माना जा रहा है।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved