img-fluid

रैपिडो पर CCPA का 10 लाख रुपये जुर्माना, अतिरिक्त भुगतान के लिए दबाव और डार्क पैटर्न के इस्तेमाल पर कार्रवाई

September 16, 2026

नई दिल्ली ।केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (Consumer Protection Authority) ने रैपिडो (Rapido) का संचालन करने वाली कंपनी रोप्पेन ट्रांसपोर्टेशन सर्विसेज (Rapido Transportation Services) पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई राइड बुकिंग (Ride Booking) के दौरान ग्राहकों को अतिरिक्त राशि देने के लिए प्रेरित करने वाले कथित डार्क पैटर्न (Dark Patterns)और भ्रामक (Misleading) तरीके अपनाने के मामले में की गई है। प्राधिकरण (Authority) की जांच में ऐप के बुकिंग इंटरफेस (Booking Interface)और अतिरिक्त भुगतान से जुड़े संदेशों को लेकर आपत्तियां सामने आईं।

जांच के अनुसार, रैपिडो ऐप पर यात्री को शुरुआत में एक किराया दिखाई देता था, लेकिन बुकिंग प्रक्रिया के दौरान उससे अधिक राशि जोड़ने के लिए कहा जाता था। ऐप पर कुछ संदेशों के जरिए यह संकेत दिया जाता था कि अतिरिक्त पैसे देने से राइड मिलने की संभावना बढ़ सकती है। कुछ मामलों में यात्रियों को बताया जाता था कि कैप्टन कम कीमत पर राइड स्वीकार नहीं कर रहे हैं और उन्हें 10, 20 या 30 रुपये और जोड़ने का विकल्प दिया जाता था।

CCPA के मुताबिक इस तरह के संदेशों से यात्रियों पर यह दबाव बन सकता था कि यदि उन्होंने अतिरिक्त राशि नहीं बढ़ाई तो उन्हें राइड नहीं मिलेगी। प्राधिकरण ने इस तरीके को ‘कन्फर्म शेमिंग’ की श्रेणी में रखा। इसके तहत उपभोक्ता को किसी विकल्प को चुनने के लिए सीधे तौर पर मजबूर करने के बजाय ऐसे संकेत दिए जाते हैं, जिससे वह दबाव महसूस कर अतिरिक्त भुगतान करने का फैसला करे।

प्राधिकरण ने रैपिडो के ‘सेट योर प्राइस’ फीचर के डिजाइन पर भी सवाल उठाए। जांच में पाया गया कि कीमत बढ़ाने के विकल्प को हरे रंग में प्रदर्शित किया जाता था, जबकि कीमत कम करने पर लाल या नारंगी रंग की चेतावनी दिखाई देती थी। इसके अलावा कीमत बढ़ाने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले स्लाइडर में भी अपेक्षाकृत अधिक जगह दी गई थी। CCPA ने इंटरफेस के इस डिजाइन को ‘इंटरफेस इंटरफेरेंस’ नाम की डार्क पैटर्न श्रेणी में रखा।

CCPA ने टिपिंग व्यवस्था को लेकर भी स्थिति स्पष्ट की। प्राधिकरण के अनुसार टिप सेवा पूरी होने के बाद ग्राहक की इच्छा से दिया जाने वाला भुगतान है और इसे राइड प्राप्त करने की शर्त के रूप में पेश नहीं किया जाना चाहिए। मोटर व्हीकल एग्रीगेटर गाइडलाइंस 2025 के मुताबिक भी टिप की मांग राइड पूरी होने के बाद ही की जानी चाहिए।

रैपिडो की ओर से सफाई दी गई कि टिप पूरी तरह स्वैच्छिक है और अतिरिक्त भुगतान के बिना भी उसका मैचिंग सिस्टम काम करता है। हालांकि, CCPA ने इस दलील को स्वीकार नहीं किया। जांच में यह भी सामने आया कि ज्यादा पैसे देने से राइड मिलने की संभावना बढ़ने के दावे के समर्थन में कंपनी कोई सबूत नहीं दे सकी।


  • इस मामले में CCPA ने रोप्पेन ट्रांसपोर्टेशन सर्विसेज पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। इसके अलावा राइड बुकिंग के दौरान उपभोक्ताओं को अतिरिक्त भुगतान के लिए प्रभावित करने वाले तरीकों और इंटरफेस को लेकर प्राधिकरण की आपत्तियां सामने आई हैं। फिलहाल उबर, ओला और नम्मा यात्री जैसी कंपनियां भी CCPA की जांच के दायरे में हैं।

    Share:

  • India-New Zealand FTA Clears New Zealand Parliament: 100% Duty-Free Access for Indian Goods, $20 Billion Investment Pledge

    Wed Sep 16 , 2026
    New Delhi: India and New Zealand have taken a major step toward strengthening their economic ties after the New Zealand Parliament approved legislation to implement the India-New Zealand Free Trade Agreement (FTA) by an overwhelming majority. The bill was passed with 93 votes in favour and 29 against, with the opposition Labour Party also backing […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved