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सेहत के लिए बेहद लाभकारी है 6 एक्सरसाइज, शरीर को मजबूती के साथ मिलेगी बेहतरीन फिटनेस

July 20, 2026

नई दिल्ली। शरीर को मानसिक और शारीरिक (mental and physical) रूप से मजबूत और हेल्दी रखने के लिए लोग घंटों जिम में जाकर पसीना बहाते हैं. अगर आप भी शरीर को मजबूत करने और बेहतरीन फिटनेस प्राप्त करने के लिए जिम ज्वाइन करने की सोच रहे हैं तो ये खबर आपके लिए है. एक स्टडी के अनुसार, सप्ताह में एक बार लगभग 15 मिनट की वेट ट्रेनिंग और 6 आसान एक्सरसाइज (excercise) के कोई भी फिट रह सकता है. 6 एक्सरसाइज में चेस्ट प्रेस, पुल डाउन, लेग प्रेस, एब्डॉमिनल फ्लेक्सन, बैक एक्सटेंशन और हिप एडक्शन (back extension and hip adduction) या एबडक्शन एक्सरसाइज शामिल हैं जिन्हें आप सप्ताह में एक दिन भी कर सकते हैं.

इस स्टडी में शामिल 18 से 80 वर्ष की आयु के लगभग 15,000 पुरुषों और महिलाओं को सात साल तक इस रूटीन को फॉलो करवाया गया था. इसमें पाया गया कि सप्ताह में एक बार वेट-ट्रेनिंग (weight-training) करने वाले लोगों में ऊपरी और निचले शरीर की ताकत 60 प्रतिशत तक बढ़ गई थी. रिसर्च में यह भी खुलासा हुआ है कि कम मात्रा में भी वेट ट्रेनिंग एक्सरसाइज से पूरी ताकत हासिल किया जा सकता है. तो आइए अब इनके फायदे भी जान लीजिए.


  • वेट ट्रेनिंग के फायदे
    रिसर्च के हेड और स्टील इंग्लैंड के सॉलेंट यूनिवर्सिटी के फिटनेस एक्सपर्ट जेम्स स्टील का कहना है कि वेट ट्रेनिंग से शरीर मजबूत होता है. 2022 में हुई रिसर्च में पाया गया है कि मजबूत लोग लंबे समय तक जीवित रहते हैं.

    रिसर्च के अनुसार जो पुरुष या महिलाएं थोड़ा बहुत भी स्ट्रेंथ ट्रेनिंग लेते हैं वो ट्रेनिंग नहीं लेने वाले लोगों की तुलना में ज्यादा जीवित रहते हैं. ट्रेनिंग नहीं करने वाले लोगों की तुलना में ट्रेनिंग करने वाले लोगों में समय से पहले मौत की संभावना 15 प्रतिशत कम हो जाती है. इसके अलावा रेसिस्टेंस एक्सरसाइज मोटापे को कंट्रोल करने के साथ-साथ एंजाइटी (चिंता) को भी कम करता है. यह एक्सरसाइज मसल्स ग्रोथ में भी मदद करते हैं. रिसर्च में यह भी सामने आया है कि रेसिस्टेंस एक्सरसाइज ब्लड शुगर को नियंत्रित रखता है और मेटाबोलिजम को बढ़ाता है.

    रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्रों के हालिया आंकड़ों के अनुसार, अमेरिका में एक तिहाई से भी कम अमेरिकी वयस्क नियमित रूप से सप्ताह में कम से कम दो बार स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करते हैं. वास्तविक संख्या इससे भी कम हो सकती है, क्योंकि यह संख्या शोधकर्ताओं के डेटा पर निर्भर है.

    साइंटिस्ट के अनुसार, पिछले कुछ अध्ययनों में भी साप्ताहिक वेट ट्रेनिंग से शक्ति बढ़ने की बात सामने आई थी. लेकिन उन अध्ययनों में से अधिकांश शोध संक्षिप्त और छोटे पैमाने पर थे. जिसमें आमतौर पर पुरुष या युवा शामिल थे.

    छह वेट ट्रेनिंग एक्सरसाइज करें
    एक्सपर्ट के अनुसार, अध्य्यन में शामिल प्रत्येक व्यक्ति का वर्कआउट रूटीन आसान था. ये सभी लोग जिम में उपलब्ध मशीनों का उपयोग कर छह सामान्य अभ्यास चेस्ट प्रेस, पुलडाउन, लेग प्रेस, एब्डॉमिनल फ्लेक्सन, बैक एक्सटेंशन और हिप एडक्शन या एबडक्शन में से प्रत्येक का एक सेट पूरा करते थे.

    प्रत्येक एक्सरसाइज में लोग 10 सेकंड के लिए वजन उठाते थे और फिर दुबारा 10 सेकंड में वजन को नीचे कर लेते थे. जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि वे पूरी सांस ले रहे हैं.

    प्रत्येक व्यक्ति सेट को तब तक दोहराते थे जब तक कि ट्रेनर को ऐसा न लग जाए कि वो फिर से एक्सरसाइज कर सकता है. जब कोई भी व्यक्ति छह से अधिक रेप्स को आसानी से पूरा कर लेता था तो ट्रेनर लोगों के उठाए जा रहे वजन को ट्रैक करते थे.

    पूरे रूटीन में एक एक्सरसाइज से दूसरे एक्सरसाइज के बीच लगभग 20 सेकंड का गैप रहता था. आमतौर पर यह रूटीन लगभग 15 से 20 मिनट में संपन्न हो जाती थी.

    शरीर की मजबूती के लिए 15 मिनट का वीकली रूटीन
    एक्‍सपर्ट के अनुसार, इस सप्ताहिक रूटीन के शुरुआत में शरीर को काफी मजबूती मिलती है. एक्सरसाइज के पहले वर्ष के दौरान अध्ययन में शामिल अधिकांश लोगों की ताकत लगभग 30 से 50 प्रतिशत बढ़ गई थी. बाद के वर्षों में उनकी मांसपेशियों की ताकत में कुल मिलाकर 10 या 20 प्रतिशत की अतिरिक्त वृद्धि हुई.

    उन्होंने कहा कि यह अध्ययन यह भी दर्शाता है कि हम कितने मजबूत बन सकते हैं इसकी भी सीमाएं हैं. अध्ययन में यह भी खुलासा हुआ है कि यदि हम छह बेसिक एक्सरसाइज लगातार करते हैं तो सप्ताह में केवल एक बार व्यायाम करके हम अपनी शरीर को मजबूत बना सकते हैं.

    नोट- उपरोक्‍त दी गई जानकारी व सुझाव सिर्फ सामान्‍य सूचना के आधार पर पेश की गई है हम इन पर किसी भी प्रकार का दावा नहीं करते हैं.

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