
डेस्क: नेपाल के मधेश प्रांत के 5 जिले दंगे की आग में जल रही है. इन जिलों में एक बार फिर से हिंदू और मुसलमानों के बीच हिंसा शुरू हो गई है. सरकार ने दंगे को कंट्रोल करने के लिए इन जिलों में कर्फ्यू लगा दिया है, जिसके कारण एग्जाम रद्द कर दिया गया है और ट्रेन और बस के परिचालन को रोक दिया गया है. दंगे का सबसे ज्यादा भारत सीमा से लगे इलाकों में देखने को मिल रहा है.
ई-कांतिपुर के मुताबिक सुनसरी, सरलाही, जनकपुर और धनुषा में सबसे ज्यादा असर देखने को मिला है. शुरुआत में बालेन शाह की सरकार इस दंगे को कंट्रोल करने में विफल रही. अब सरकार ने गृह मंत्री सुदान गुरुंग को भेजने का फैसला किया है. शुक्रवार को प्रधानमंत्री बालेन शाह ने सर्वदलीय बैठक भी की.
स्थानीय नेपाल न्यूज के मुताबिक सुनसरी जिले के कप्तानगंज इलाके से इस हिंसा की शुरुआत हुई. कांवड़ यात्रा से पहले सुनसरी जिले के कप्तानगंज में कुछ युवकों ने पहले से पोल पर लगाए गए मुस्लिम झंडे को उतारकर भगवा लगा दिया. इसके बाद मंदिर के बाहर तेज आवाज में ये युवक डीजे बजा रहे थे.
पुलिस कार्यालय का कहना है कि इसको लेकर कुछ मुस्लिम युवकों ने आपत्ति जताई, जो धीरे-धीरे कहासुनी में बदल गई. इसके बाद माहौल बिगड़ गया.
गृह मंत्री सुदान गुरुंग के मुताबिक पुलिस ने भीड़ को कंट्रोल करने के लिए गोली चलाई, जिसमें 2 हिंदू युवकों की मौत हो गई. वहीं एक और युवक गणेश यादव की पुलिस गोली में मौत हो गई. सरकार ने सभी युवकों के परिजनों को 10-10 लाख रुपए मुआवजा देने की घोषणा की है.
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved