नई दिल्ली। चुनावी सर्वे एजेंसी Axis My India के चेयरमैन (Pradeep Gupta) ने पश्चिम बंगाल (west bengal) की राजनीति और चुनावी माहौल को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि साल 2017 में उनकी सर्वे टीम को तत्कालीन (Mamata Banerjee) सरकार के दौरान गंभीर दबाव और कार्रवाई का सामना करना पड़ा था।
समाचार एजेंसी को दिए इंटरव्यू में प्रदीप गुप्ता ने कहा कि उनकी एजेंसी के छह सर्वेक्षकों को करीब 30 दिनों तक जेल में रखा गया था। उनके मुताबिक, सर्वे टीम पर आरोप लगाया गया था कि वे लोगों से यह पूछ रहे थे कि वे किस पार्टी को वोट देंगे और यदि कोई तृणमूल कांग्रेस (TMC) का नाम लेता था तो उसका वोट काट दिया जाता था।
गुप्ता ने बताया कि उनकी टीम को दमदम जेल में रखा गया था और बाद में एजेंसी को कानूनी मदद लेनी पड़ी। उन्होंने कहा कि इसके बाद उन्होंने Calcutta High Court में जमानत याचिका दाखिल की, जहां अदालत से राहत मिली और सर्वे का काम जारी रखने की अनुमति दी गई।
प्रदीप गुप्ता ने दावा किया कि हालिया पश्चिम बंगाल चुनावों के दौरान भी उनकी टीम को दबाव का सामना करना पड़ा। उनके अनुसार राज्यभर के पुलिस थानों को Axis My India के सर्वेक्षकों पर नजर रखने के निर्देश दिए गए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ सर्वे कर्मचारियों को हिरासत में भी लिया गया और अदालत की फटकार के बाद उन्हें छोड़ा गया।
पश्चिम बंगाल चुनाव नतीजों पर बात करते हुए गुप्ता ने कहा कि राज्य में वर्षों से बना “भय का माहौल”, प्रधानमंत्री Narendra Modi की लोकप्रियता, केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah की रणनीति और RSS की संगठनात्मक क्षमता भाजपा की जीत के बड़े कारण रहे।
उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा की सफलता को केवल हिंदू वोटों के ध्रुवीकरण से जोड़ना सही नहीं होगा। गुप्ता के मुताबिक मतदाता अब विकास, सुशासन और सुरक्षा जैसे मुद्दों को प्राथमिकता देते हैं।
प्रदीप गुप्ता ने कहा कि भारतीय मतदाता काफी परिपक्व हो चुके हैं और वे केवल धार्मिक मुद्दों या मुफ्त योजनाओं के आधार पर मतदान नहीं करते। उन्होंने कहा, “हिंदू-मुस्लिम मुद्दे जीत और हार तय नहीं करते। अगर भाजपा जीत रही है, तो उसके पीछे विकास और प्रशासनिक कामकाज भी एक बड़ा कारण है।”
उन्होंने यह भी दावा किया कि पहले चरण के मतदान के बाद कई लोगों ने सर्वे टीम से खुलकर बात करने से इनकार कर दिया था, जिससे यह संकेत मिला कि राज्य में डर का माहौल था।
गौरतलब है कि Axis My India ने तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी चुनावों में काफी हद तक सटीक अनुमान दिए थे, लेकिन इस बार पश्चिम बंगाल को लेकर एजेंसी ने कोई एग्जिट पोल या सर्वे सार्वजनिक नहीं किया था।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved