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महिला का दावा, कोरोना काल में 2 हजार सेक्स स्लेव के साथ थे किम जोंग उन

उत्तर कोरिया की ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट येनोमी पार्क को डर है कि उत्तर कोरिया के सुप्रीम लीडर किम जोंग उन उन्हें मरवा सकते हैं लेकिन इसके बावजूद वे लगातार उनके खिलाफ अपनी आवाज बुलंद करती रही हैं और उत्तर कोरिया के प्रोपेगैंडा पर अपनी राय रखती आई हैं।

पार्क ने साल 2007 में मानव तस्करी करने वाले लोगों को रिश्वत दी थी और इन लोगों ने एक्टिविस्ट को अमेरिका पहुंचा दिया था। पार्क ने ये फैसला इसलिए लिया था क्योंकि किम जोंग उन ने उनके कैंसर से जूझ रहे पिता को भयानक कंस्ट्रेशन कैंप में बंद करा दिया था।

पार्क अब शिकागो में रह रही हैं और वे लगातर किम जोंग उन का सच लोगों के सामने ला रही हैं। उन्होंने अपने इंस्टाग्राम पोस्ट में कहा कि उत्तर कोरिया का सुप्रीमो अपने साथ दो हजार सेक्स स्लेव रखता है। पार्क को हालांकि लगातार डर बना रहता है कि अमेरिका में होने के बावजूद किम उन्हें खत्म कर सकता है।

उन्होंने दावा किया था कि कोरोना काल में किम 2000 सेक्स स्लेव के साथ मौजूद है और वो धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले वॉन्सन कंपाउंड में क्वरानटीन था। इन महिलाओं को प्लेज़र स्क्वॉड कहा जाता है और ये महिलाएं किम जोंग उन के साथ ही कई हाई-प्रोफाइल और एलीट लोगों के मनोरंजन के लिए मौजूद रहती हैं।

पार्क जब भी पब्लिक इवेंट्स में जाती हैं तो उनके साथ सिक्योरिटी गार्ड्स होते हैं। उन्होंने सन वेबसाइट के साथ बातचीत में कहा- मैं पिछले कई सालों से किम जोंग उन की टारगेट लिस्ट में बनी हुई हूं। मुझे हमेशा डर रहता है कि उसके आदमी मुझे खोजकर मार सकते हैं। मुझे धमकियां मिलती हैं और मेरा सिस्टम भी कई बार हैक हो चुका है।

उन्होंने कहा कि उत्तर कोरिया ने मुझे पब्लिकली देश का दुश्मन करार दिया था क्योंकि मैं और मेरी मां वो देश छोड़कर भाग गए थे। इसके चलते मेरे परिवार की तीन जनरेशन को वे सजा दे रहे हैं। मेरे सभी रिश्तेदार या तो मारे जा चुके हैं या फिर उन्हें जेल हो चुकी है।

गौरतलब है कि किम जोंग उन ने साल 2017 में अपने सौतेले भाई किम जोंग नेम को एक नर्व एजेंट के सहारे मरवा दिया था और ये हादसा मलेशिया के एयरपोर्ट पर हुआ था। माना जाता है कि उसे इसलिए मरवाया गया था क्योंकि वो नॉर्थ कोरिया की सत्ता पर अपना दावा ठोक सकता था।

पार्क ने कहा- जमाल खशोगी जैसे प्रतिष्ठित पत्रकार को तुर्की जैसे देश में मार डाला गया था। इससे साफ होता है कि तानाशाह दूसरे देशों में भी हत्या को अंजाम दे सकते हैं और उन्हें इसकी कीमत भी नहीं चुकानी पड़ती। ऐसे में मुझे भी अपनी लाइफ की चिंता होती रहती है।

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