img-fluid

PM मोदी आज फ्रांस के एवियन में आयोजित जी7 देशों के सम्मेलन में होंगे शामिल

June 16, 2026

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) आज फ्रांस के एवियन में आयोजित जी7 देशों के सम्मेलन (G7 Summit) में शरीक होंगे। जी7 देशों के इस सम्मेलन में मेजबान फ्रांस के अलावा कनाडा, ब्रिटेन, इटली, यूएई समेत कई देश शामिल हो रहे हैं। पीएम मोदी आज सम्मेलन से इतर कई अहम द्विपक्षीय बैठक भी करेंगे।

जी7 शिखर सम्मेलन 2026 में आज चीन के बढ़ते निर्यात और उसके यूरोपीय अर्थव्यवस्था पर पड़ रहे प्रभाव का मुद्दा प्रमुखता से उठ सकता है। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों इस विषय पर सदस्य देशों के नेताओं के सामने अपनी चिंताएं रख सकते हैं। इस वर्ष की शुरुआत में मैक्रों ने चेतावनी दी थी कि चीन से होने वाला निर्यात यूरोप के बड़े हिस्से के उद्योगों को लगभग खत्म कर रहा है। उन्होंने यह भी स्वीकार किया था कि इस खतरे को समझने में यूरोप ने काफी देर कर दी।


  • इस बीच, यूरोपीय सहयोगी देशों की कोशिश है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को यूरोपीय संघ (EU) और कनाडा जैसे पारंपरिक सहयोगियों पर दंडात्मक शुल्क (टैरिफ) लगाने की नीति से पीछे हटने के लिए राजी किया जाए। यूरोपीय देशों का मानना है कि अमेरिका को अपने सहयोगी देशों के साथ व्यापारिक टकराव बढ़ाने के बजाय चीन से उत्पन्न आर्थिक चुनौतियों का संयुक्त रूप से मुकाबला करना चाहिए। इसी रणनीति के तहत जी7 बैठक में ट्रंप प्रशासन पर सहयोगी देशों के साथ मिलकर काम करने का दबाव बनाया जा सकता है।

    फ्रांस के राष्ट्रपति ने ट्रंप और अन्य मेहमानों का स्वागत किया
    फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों ने जी7 सम्मेलन के लिए एवियन पहुंचे अमेरिकी समकक्ष डोनाल्ड ट्रंप और अन्य मेहमानों का स्वागत किया। उन्होंने एक्स हैंडल पर जो वीडियो और तस्वीरें साझा की हैं, इसमें देखा जा सकता है कि ट्रंप का गर्मजोशी से स्वागत करने के अलावा उन्होंने फ्रांस समेत 9 देशों के प्रतिनिधियों / राष्ट्राध्यक्षों के साथ एक औपचारिक तस्वीर भी क्लिक कराई।

    आर्थिक और तकनीकी साझेदारी के प्रयास, फ्रांस में भारत का हासिल क्या?
    दरअसल, जी7 के लिए भारत का रणनीतिक महत्व बढ़ रहा है। यह ठोस आर्थिक और प्रौद्योगिकी साझेदारियों में परिलक्षित होता है। हाल ही में संपन्न भारत-यूरोपीय संघ व्यापार समझौता इसका प्रमाण है। नीस में भारत इनोवेट्स जैसी पहल भी इसका उदाहरण है। पेरिस में आगामी विवाटेक में भारत आधिकारिक एआई भागीदार देश होगा।

    जी7 सम्मेलन में भारत की भागीदारी क्यों अहम है?
    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी फ्रांसीसी राष्ट्रपति मैक्रों के निमंत्रण पर एवियन पहुंचे हैं। इस यात्रा के दौरान अहम द्विपक्षीय विषयों पर संवाद के अलावा वैश्विक मुद्दों पर भी व्यापक मंथन होने की उम्मीद है। भारत की जी7 शिखर सम्मेलन में 13वीं बार भागीदारी कर रहा है। प्रधानमंत्री लगातार 7वीं बार सम्मेलन में भाग लेने पहुंचे हैं। सरकार के मुताबिक जी7 में भारत की नियमित भागीदारी वैश्विक चुनौतियों के समाधान में नई दिल्ली की भूमिका को दर्शाती है।

    Share:

  • कांग्रेस का देशव्यापी छात्र संवाद अभियान.... कोटा में कल 10 हजार छात्रों को जुटाने का लक्ष्य

    Tue Jun 16 , 2026
    कोटा। प्रतियोगी परीक्षाओं (Competitive examinations) में धांधली, नीट पेपर लीक (NEET paper leak) और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस अब देशव्यापी छात्र संवाद अभियान शुरू करने जा रही है. इस अभियान का पहला पड़ाव देश की कोचिंग नगरी कोटा बनेगा, जहां लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) 17 जून को […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved