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UP: एटा में कुत्ते के मालिकाना हक को लेकर भिड़े दो पक्ष, थाने पहुंची लड़ाई, पुलिस ने कराया मामले का निपटारा

एटा। कुत्ता (dog) दुनिया का सबसे बफादार जानवर (most loyal animal) कहा जाता है. कहते है एक कुत्ता अपने मालिक को कभी धोखा नहीं दे सकता. यूपी (UP) के एटा (Etah) में भी ऐसा ही कुछ देखने को मिला जब एक पालतू कुत्ते के मालिकाना हक (dog ownership) को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए. ये मामला एटा के अलीगंज कोतवाली क्षेत्र का है जहां एक पालतू कुत्ता जौली के मालिकाना हक की लड़ाई घर, परिवार, पंचायत में जाकर भी नहीं बन पाई, जिसके बाद ये मामला थाना अलीगंज तक जा पहुंचा, जिसके बाद पुलिस ने बड़े दिलचस्प तरीके से इसका फैसला किया।

कुत्ते के मालिकाना हक को लेकर भिड़े दो पक्ष
हुआ ये कि फर्रुखाबाद जनपद के पुरौरी गांव के रहने बाले उमेश सक्सेना ने अलीगंज कोतवाली पर लिखित में शिकायत की कि उनका कुत्ता करीब आठ महीने पहले घर से भाग गया, जिसके बाद वो अलीगंज क्षेत्र के फरसोली गाँव के प्रधान के यहां आ गया है. इस शिकायत के बाद पुलिस ने दूसरे पक्ष धर्मपाल सिंह यादव को उनके कुत्ते जौली के साथ थाने में बुलाया. इस कुत्ते पर दोनों पक्ष अपना-अपना दावा ठोंक रहे थे. पुलिस ने भी तमाम तरह से कोशिश की लेकिन कुत्ता जॉली भी बार-बार धर्मपाल यादव के पास ही जा रहा था. वहीं दूसरी तरफ उमेश सक्सेना ये मानने को तैयार नहीं थे और उस पर अपना हक जता रहे थे।

पुलिस थाने तक पहुंचा पूरा मामला
इस बात को लेकर थाना अलीगंज में दोनों पक्षों के बीच घंटों तक बहस चलती रही लेकिन दोनों में से कोई भी पक्ष मानने को तैयार नहीं था. धर्मपाल सिंह ने दावा किया कि जॉली उनका कुत्ता है जिसे वो पिछले आठ सालों से पाल रहे हैं. उन्होंने कहा कि वो ये कुत्ता हाथरस से लाए थे. वहीं दूसरी तरफ उमेश सक्सेना ने भी कहा कि वो उनका कुत्ता है, जो 8 महीने पहले घर से गायब हो गया था. तभी से वो इसकी तलाश कर रहे थे. जिसके बाद उन्हें सूचना मिली कि ये फरसोली के प्रधान धर्मपाल सिं के घर है.

ऐसे हुआ असली मालिक का फैसला
पुलिस थाने में घंटों चली बातचीत का जब कोई नतीजा नहीं निकल पाया तो पक्षों के लोगों ने तय किया कि थाना परिसर में बने मंदिर पर जो ईश्वर को साक्षी मानकर शपथ लेगा वो ही कुत्ते को अपने साथ लेकर जाएगा. उमेश सक्सेना ने कहा कि अगर धर्मपाल कसम खा लेंगे तो वो बिना किसी शिकायत और कानूनी कार्रवाई के कुत्ते को उन्हें सौंप देंगे. जिसके बाद धर्मपाल सिंह ने पुलिस की मौजूदगी में कसम खाई के ये कुत्ता उनका है और वो ही इसके असली मालिक है जिसके बाद पुलिस ने कुत्ते को उन्हें सौंप दिया. वहीं कुत्ता भी जंजीर से मुक्त होते ही अपने मालिक के साथ बाइक पर बैठकर घर वापस चला गया।

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