
मामला महेश्वर में मिले लावारिस पड़े आईडी कार्ड का
इंदौर। कल महेश्वर (Maheshwar) में कुछ वोटर आईडी कार्ड (voter cards) नर्मदा (Narmada) किनारे मिले, जो लापरवाही से फेंके गए थे। सोशल मीडिया (Social Media) पर मचे हल्ले के बाद संभागायुक्त भास्कर लाक्षाकार ने इसकी जांच इंदौर कलेक्टर को सौंपी और तहसीलदार को भेजकर 383 कार्ड पंचनामा बनाकर जब्त भी किए। ये कार्ड इंदौर की विधानसभा राऊ के बताए जाते हैं, जो 10-12 साल पुराने हैं। जांच में लापरवाह पाए जाने वाले अधिकारी-कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई भी होगी।
कांग्रेस ने इसे लेकर हल्ला भी मचाया है
अभी देशभर में वोट चोरी को लेकर कॉकरोच और कांग्रेस पार्टी द्वारा अभियान चलाया जा रहा है और कल जब महेश्वर में इंदौर के वोटर आईडी कार्ड लावारिस पड़े मिले तो उसे लेकर भी खरगोन जिला कांग्रेस अध्यक्ष सहित इंदौर के नेताओं ने भी बयानबाजी शुरू कर दी और इसे भी वोट चोरी से जोड़ते हुए चुनाव आयुक्त के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने भी कांग्रेसी मंडलेश्वर थाने पहुंच गए, जहां की एसडीओपी के मुताबिक, पंचनामा तैयार कर सभी कार्ड जब्त कर लिए गए और एफआईआर दर्ज कराने का कांग्रेस का आवेदन भी जांच के लिए सौंप दिया है। इधर, संभागायुक्त लाक्षाकार ने बताया कि ये वोटर आईडी कार्ड 10 साल पुराने हैं, लेकिन लापरवाही से इन्हें इस तरह फेंका गया, इसकी जांच कराई गई है और इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा को कहा गया है और उन्होंने कल ही तहसीलदार को भेजकर ये कार्ड पंचनामा बनाकर अपने कब्जे में भी ले लिए हैं। संभागायुक्त का यह भी कहना है कि चूंकि ये कार्ड राऊ विधानसभा के बताए गए हैं इसलिए इनकी जांच जिला प्रशासन इंदौर के माध्यम से कराई जा रही है और जिला निर्वाचन कार्यालय यह भी देखेगा कि ये वोटर आईडी कार्ड कितने पुराने बने हैं और महेश्वर तक कैसे पहुंचे। आज-कल में ही इसकी जांच रिपोर्ट भी कलेक्टर से प्राप्त हो जाएगी और उसके बाद लापरवाही में लिप्त अधिकारियों, जिनमें संभवत: बीएलओ भी हो या कोई कर्मचारी, उसके खिलाफ कार्रवाई करेंगे।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved