img-fluid

NEET विवाद पर थलपति विजय की पार्टी की नई मांग, कहा- सिर्फ पेपर लीक नहीं, पूरी परीक्षा व्यवस्था खत्म हो

July 22, 2026

नई दिल्ली। NEET परीक्षा में पेपर लीक (Paper leak) के आरोपों को लेकर देशभर में विरोध प्रदर्शन जारी हैं। दिल्ली के जंतर-मंतर (Jantar Mantar) पर पिछले कई सप्ताह से छात्र और विभिन्न संगठन आंदोलन कर रहे हैं। इसी बीच तमिलनाडु की सत्तारूढ़ पार्टी तमिझगा वेत्री कझगम (TVK) ने इस मुद्दे पर बड़ा राजनीतिक रुख अपनाते हुए केवल पेपर लीक रोकने के बजाय पूरी NEET व्यवस्था समाप्त करने की मांग उठाई है।

परीक्षा खत्म करने की मांग

मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली TVK का कहना है कि बार-बार सामने आ रही अनियमितताओं से स्पष्ट है कि केवल सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करना पर्याप्त नहीं होगा। पार्टी का मानना है कि मेडिकल प्रवेश के लिए मौजूदा राष्ट्रीय परीक्षा प्रणाली को ही समाप्त किया जाना चाहिए, ताकि छात्रों के भविष्य से जुड़े विवादों पर स्थायी समाधान निकल सके।


  • शिक्षा को राज्य सूची में लाने की पैरवी

    TVK ने इस मुद्दे को संवैधानिक बदलाव से भी जोड़ते हुए शिक्षा को संविधान की समवर्ती सूची (Concurrent List) से हटाकर राज्य सूची में शामिल करने की मांग की है। पार्टी के अनुसार इससे राज्यों को मेडिकल शिक्षा और प्रवेश प्रक्रिया तय करने का अधिकार मिलेगा।

    पार्टी ने यह भी सुझाव दिया कि यदि तत्काल ऐसा बदलाव संभव नहीं हो तो अंतरिम व्यवस्था के तौर पर “विशेष समवर्ती सूची” बनाई जाए, जिससे राज्यों को मेडिकल शिक्षा से जुड़े निर्णय लेने में अधिक स्वायत्तता मिल सके। TVK का कहना है कि यह प्रस्ताव मुख्यमंत्री विजय की दीर्घकालिक नीति का हिस्सा है।

    डीएमके पर साधा निशाना

    इस मुद्दे पर TVK ने विपक्षी दल डीएमके की भी आलोचना की। पार्टी ने कहा कि वह चुनावी लाभ के लिए ऐसे वादे नहीं करेगी जिन्हें पूरा करना संभव न हो। TVK ने याद दिलाया कि डीएमके ने 2021 के विधानसभा चुनाव से पहले सत्ता में आने पर तमिलनाडु में NEET समाप्त करने का वादा किया था।

    आंदोलनकारी रैपर से मिले विजय

    मंगलवार को मुख्यमंत्री विजय ने NEET के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे रैपर ‘थेरुकुरल’ अरिवु से मुलाकात की। अरिवु तमिलनाडु सचिवालय के बाहर धरना दे रहे थे। शुरुआत में पुलिस ने उन्हें वहां से हटाया, लेकिन बाद में मुख्यमंत्री के निर्देश पर उन्हें सचिवालय के भीतर बुलाया गया, जहां दोनों के बीच परीक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा हुई।

    सूत्रों के अनुसार, इस दौरान अरिवु ने राष्ट्रीय स्तर की मेडिकल प्रवेश परीक्षा को लेकर अपनी चिंताएं मुख्यमंत्री के सामने रखीं।

    तमिलनाडु सरकार का पुराना रुख

    तमिलनाडु लंबे समय से NEET का विरोध करता रहा है। राज्य सरकार का तर्क है कि मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश का आधार राष्ट्रीय परीक्षा के बजाय 12वीं कक्षा के प्राप्तांक होने चाहिए। सरकार का कहना है कि इससे राज्य बोर्ड के विद्यार्थियों को अधिक न्यायसंगत अवसर मिलेंगे।

    देशभर में NEET को लेकर बढ़ते विरोध और राजनीतिक बहस के बीच TVK की नई मांग ने इस मुद्दे को एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा के केंद्र में ला दिया है।

    Share:

  • कौन हैं कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद? जिनसे पाकिस्तान ने सिंधु जल संधि पर मांगा साथ, लेकिन नहीं मिला जवाब

    Wed Jul 22 , 2026
    नई दिल्ली। सिंधु जल संधि (Indus Waters Treaty) को लेकर अंतरराष्ट्रीय समर्थन जुटाने की पाकिस्तान (Pakaistan) की कोशिशों को उस समय बड़ा झटका लगा, जब कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद (Anita Anand) ने इस मुद्दे पर सार्वजनिक रूप से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। इस्लामाबाद में हुई संयुक्त प्रेस वार्ता में पाकिस्तान के उपप्रधानमंत्री और […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved