
उज्जैन। जिला चिकित्सालय चरक भवन में ठेकेदार द्वारा लंबे समय से लिफ्टों के खराब रखरखाव और संचालन पर ध्यान नहीं दिया जा रहा था। कल देर रात कलेक्टर यहां औचक निरीक्षण करने पहुंचे और उन्होंने लिफ्ट संचालन एवं रखरखाव में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित कंपनी को टर्मिनेट करने और नई कंपनी के चयन के लिए तत्काल टेंडर प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए।
कल रात 12 बजे के लगभग कलेक्टर रोशन कुमार सिंह ने यहां अव्यवस्थाएं देख स्पष्ट कहा कि मरीजों की सुविधा से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।यह दौरान उनके साथ सीईओ जिला पंचायत श्रेयांश कुमट भी थे। सबसे पहले इमरजेंसी वार्ड का जायजा लिया। यहां ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टरों से जानकारी लेने के साथ ड्यूटी चार्ट की जांच की गई। उन्होंने अस्पताल स्टाफ को अनिवार्य रूप से यूनिफॉर्म पहनने के निर्देश भी दिए। निरीक्षण के दौरान अस्पताल की ड्रेनेज व्यवस्था में मौजूद समस्याओं पर भी चिंता जताई गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को शीघ्र समाधान करने के निर्देश दिए। उन्होंने बर्थ वेटिंग वार्ड और पोस्ट ऑपरेटिव वार्ड का निरीक्षण कर इनका नियमित उपयोग करने को कहा। कलेक्टर ने लेबर रूम, प्रतीक्षालय और पुरुष मेडिकल वार्ड का भी दौरा किया। अस्पताल के मुख्य मार्ग और प्रवेश द्वार पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था करने तथा सभी मंजिलों पर सुरक्षा कर्मियों की तैनाती बढ़ाने के निर्देश दिए गए। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने पर विशेष जोर देते हुए कलेक्टर ने अस्पताल प्रबंधन से सामान्य प्रसव को बढ़ावा देने के लिए प्रभावी प्रयास करने को कहा। उन्होंने आयुर्वेदिक चिकित्सकों के सहयोग और उपचार पद्धतियों का भी उपयोग करने की सलाह दी। निरीक्षण के दौरान सीएमएचओ डॉ. अशोक कुमार पटेल, सिविल सर्जन डॉ. संगीता पलसानिया, आरएमओ डॉ. चिन्मय चिंचोलीकर एवं नर्सिंग स्टाफ
मौजूद थे।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved