
जबलपुर: मध्य प्रदेश के जबलपुर में एक सरकारी बाबू के घर पर लोकायुक्त पुलिस ने छापेमारी की. जबलपुर लोकायुक्त पुलिस ने शनिवार तड़के सरकारी बाबू के जबलपुर स्थित आवास सहित सिवनी और जबलपुर में पांच ठिकानों पर एक साथ छापामार कार्रवाई की. सरकारी बाबू का नाम सुभाष शर्मा है. सुभाष पंचायत विभाग के सहायक ग्रेड-टू के पद पर है.
ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज प्रशिक्षण केंद्र सिवनी में पदस्थ आरोपी सुभाष शर्मा की कुल संपत्ति आठ लाख से अधिक पहुंचने का अनुमान है. छापेमारी के दौरान आरोपी के घर से 500 ग्राम सोने के और सवा किलो चांंदी के आभूषण मिले. साथ ही कई अन्य मंहगे सामान भी मिले. लोकायुक्त जांच में पता चला है कि सुभाष शर्मा ने अपने घर के पहले फ्लोर पर लिप्ट भी लगावा रखी थी.
लोकायुक्त की टीम को जांच के दौरान आरोपी के घर से जो भी सामान और संपत्तियां मिली, उससे संबंधित दस्वावेजों की जांच की जा रही है. जांच में शर्मा द्वारा संपत्ति के बड़े हिस्से का निवेश जमीन और मकानों में करने की बात सामने आई है. इनमें से कई संपत्तियां आरोपी की पत्नी शीला के नाम पर हैं. जांच में सामने आया है कि पाटन के लाहौरी स्थित फार्म हाउस में बारत घर बनाने की तैयारी थी. निर्माम शुरू हो चुका था.
जांच के दौरान टीम को पता चला कि शर्मा के दो और उसकी पत्नी के चार बैंक खाते हैं. लोकायुक्त की टीम आज संबंधित बैंकों से जानकारी मांगेगी. आरोपी शर्मा ने साल 1989 में सहायक ग्रेड 3 से सरकारी सेवा की शुरुआत की थी. उसकी ज्ञात आय से 543.19 प्रतिशत यानी करीब साढ़े पांच गुना अधिक अनुपातहीन संपत्ति मिली. शुरुआती जांच में इसकी कीमत करीब साढ़े छह करोड़ आंकी गई थी.
लोकायुक्त अधिकारियों के अनुसार, पुलिस महानिदेशक लोकायुक्त योगेश देशमुख के भ्रष्टाचार के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के निर्देश तथा पुलिस उप महानिरीक्षक लोकायुक्त मनोज सिंह के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई.
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved