
इन्दौर। जनगणना (Census) अभियान में लगे कर्मचारियों (Employees) को हर दिन एक नई मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है। हाल ही में घर-घर पहुंचे कर्मचारियों ने पता लगाया कि शहर (Indore) में 95 हजार मकान (95,000 Houses) ऐसे हैं, जो कि खाली (Vacant) पड़े हुए हैं, जबकि 16 हजार मकान में ताले (Locked) लगे हुए हैं।
यह हकीकत जनगणना अभियान के पहले चरण में किए गए मकान गणना के कार्य में सामने आई है। इंदौर नगर निगम के क्षेत्र में मकान गणना का कार्य पूरा हो गया है। इसमें नगर निगम की सीमा में 8 लाख 38 हजार 814 मकान पाए गए हैं। इसमें से 590810 मकान में नागरिक निवास करते हैं, जबकि 22396 मकान ऐसे हैं, जिसमें लोग निवास भी करते हैं और अन्य गतिविधि का संचालन भी होता है। इस तरह इन दोनों श्रेणी में मिलाकर 6 लाख 13 हजार 206 मकान होते हैं। मकान की गणना के इस अभियान में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इंदौर में 94834 मकान खाली पड़े हुए हैं, जबकि 16545 मकान में हमेशा तला ही लगा रहता है। शहर में 130774 मकान का आवासीय के अलावा अन्य उपयोग हो रहा है। इंदौर नगर निगम में मकान गणना के कार्य के प्रभारी बनाए गए अपर आयुक्त नरेंद्र नाथ पांडे ने बताया कि इस जनगणना अभियान के प्रथम चरण में जो गणना के आंकड़े सामने आए हैं, उसके अनुसार इंदौर नगर की आबादी 28.51 लाख रही है।