
नई दिल्ली । जंतर-मंतर (Jantar Mantar) के पास कांग्रेस (Congress) और INDIA ब्लॉक के प्रदर्शन (Protest) के दौरान पुलिसकर्मियों (Police Personnel) से कथित बदसलूकी और मारपीट के मामले में दिल्ली पुलिस (Delhi Police) ने जांच तेज कर दी है। पुलिस के पास सामने आए कई मोबाइल वीडियो और अन्य फुटेज की जांच की जा रही है। इन वीडियो के जरिए उन प्रदर्शनकारियों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है, जिन पर पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की या मारपीट में शामिल होने का आरोप है।
पुलिस के मुताबिक, वीडियो फुटेज की जांच केवल आरोपियों की पहचान तक सीमित नहीं है, बल्कि इनके जरिए यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घटनाक्रम की शुरुआत किस तरह हुई और प्रदर्शन के दौरान अलग-अलग स्थानों पर क्या हुआ। महिला पुलिस अधिकारियों और कांस्टेबलों के साथ कथित तौर पर हुई धक्का-मुक्की और मारपीट से जुड़े दृश्य भी सामने आए हैं। पुलिस अलग-अलग वीडियो को देखकर घटनाओं की कड़ी जोड़ने में जुटी है।
इस मामले में भारतीय न्याय संहिता यानी BNS की उन धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज किए जाने की संभावना है, जो सरकारी कर्मचारियों पर हमला करने, उनके काम में बाधा डालने और ड्यूटी के दौरान उन्हें रोकने जैसे अपराधों से संबंधित हैं। पुलिस अन्य माध्यमों से मिले वीडियो और फुटेज को भी जांच में शामिल कर रही है। जांच के आधार पर यह स्पष्ट करने की कोशिश की जा रही है कि प्रदर्शन के दौरान किन लोगों की क्या भूमिका रही।
मामला बुधवार को जंतर-मंतर के पास हुए INDIA ब्लॉक के प्रदर्शन से जुड़ा है। विपक्षी दलों ने यह प्रदर्शन चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ किया था। प्रदर्शन के दौरान विपक्षी दलों की ओर से विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाया गया। प्रदर्शन में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और अन्य विपक्षी सांसद भी शामिल हुए।
प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी और दूसरे विपक्षी सांसद पुलिस बैरिकेड पार कर जंतर-मंतर की ओर जाने की कोशिश कर रहे थे। राहुल गांधी ने बैरिकेड से जुड़े गेट को खोलने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इसके बाद पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की की स्थिति बन गई। इसी दौरान पुलिसकर्मियों के साथ कथित बदसलूकी और मारपीट के आरोप सामने आए।
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने लाठीचार्ज किया, जिसमें कई विपक्षी नेता घायल हुए। प्रियंका गांधी भी प्रदर्शन के दौरान जमीन पर लेटी हुई नजर आईं। उन्होंने आरोप लगाया कि महिला पुलिसकर्मियों ने उनके साथ बदसलूकी की और उन्हें जमीन पर गिराया। राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और कई अन्य नेताओं को पुलिस ने हिरासत में भी लिया था।
इससे पहले मंगलवार को हुए प्रदर्शन को लेकर भी दिल्ली पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की थी। पुलिस के अनुसार, INDIA ब्लॉक की ओर से संसद से निर्वाचन सदन तक मार्च निकालने की योजना बनाई गई थी, लेकिन इसके लिए आधिकारिक अनुमति नहीं ली गई थी। अब बुधवार के प्रदर्शन से जुड़े कथित पुलिसकर्मी मारपीट मामले में वीडियो फुटेज की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved