इस्लामाबाद। पाकिस्तान के पूर्व राजनयिक अब्दुल बासित (Abdul Basit) ने एक बयान में कहा है कि यदि भविष्य में अमेरिका पाकिस्तान (America Pakistan) पर हमला करता है, तो जवाबी कार्रवाई में भारत के प्रमुख शहरों को निशाना बनाया जा सकता है। उनका यह बयान ऐसे समय सामने आया है जब पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव को लेकर क्षेत्रीय सुरक्षा पर चर्चाएं तेज हैं।
एक पाकिस्तानी टीवी चैनल से बातचीत में बासित ने कहा कि अगर अमेरिका और इजरायल मिलकर पाकिस्तान पर हमला करते हैं, तो इस्लामाबाद के पास सीमित विकल्प होंगे। उन्होंने दावा किया कि पाकिस्तान के पास अमेरिका या इजरायल तक मार करने वाली मिसाइलें नहीं हैं, इसलिए भारत जैसे “करीबी लक्ष्य” को निशाना बनाया जा सकता है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि ऐसी स्थिति में दिल्ली और मुंबई पर हमला किया जा सकता है।
बासित 2014 से 2017 के बीच भारत में पाकिस्तान के राजदूत रह चुके हैं। उनके इस बयान को लेकर रणनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। विश्लेषकों का कहना है कि इस तरह के बयान भारत को संभावित दबाव बिंदु के रूप में देखने की मानसिकता को दर्शाते हैं। दिल्ली और मुंबई का उल्लेख 2008 के मुंबई आतंकी हमला 2008 जैसी घटनाओं की याद भी दिलाता है।
रिपोर्ट्स के अनुसार कुछ सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह बयान पाकिस्तान के सामरिक दृष्टिकोण को प्रतिबिंबित करता है, जिसमें भारत को प्राथमिक लक्ष्य माना जाता है। हालांकि पाकिस्तान सरकार की ओर से इस टिप्पणी पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
इस बीच, अमेरिकी खुफिया समुदाय की प्रमुख तुलसी गबार्ड ने हाल में पाकिस्तान को सुरक्षा के लिहाज से चिंता का विषय बताया था। वहीं बेंजामिन नेतन्याहू भी पहले पाकिस्तान को वैश्विक सुरक्षा के संदर्भ में चुनौतीपूर्ण देश बता चुके हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के बयान क्षेत्रीय तनाव को बढ़ा सकते हैं। भारत पहले ही अपनी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने पर जोर देता रहा है और किसी भी संभावित खतरे से निपटने की क्षमता होने का दावा करता है।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved