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सोशल मीडिया ने बदला धन तेरस की खरीदारी का ट्रेंड

November 06, 2026

उज्जैन। धनतेरस पर आमतौर पर आभूषण, चांदी की गणेशजी- लक्ष्मीजी, बर्तन, कपड़े, झाडू खरीदने की मान्यता और परंपरा है। अब इसमें बदलाव आ गया है। सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली धार्मिक महत्व की मान्यताओं के चलते धन तेरस की खरीदारी का ट्रेंड कुछ बदल गया है। लोग धनतेरस के लिए चांदी के उल्लू और चांदी की मछली खरीदने के साथ आर्डर भी बुक कर रहे है।



  • दीपावली की खरीदारी में इस बार भोपाल के सराफा बाजार में नया ट्रेंड देखने को मिल रहा है। लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियां, कछुए और श्रीयंत्र के साथ अब लोग चांदी के उल्लू और मछली भी खरीद रहे हैं। सोशल मीडिया पर धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी चर्चाओं ने इस ट्रेंड को बढ़ावा दिया है। सराफा कारोबारियों के मुताबिक, लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियां, कछुए और श्रीयंत्र की मांग पहले की तरह बनी हुई है, लेकिन इस बार उल्लू और मछली ने खरीदारी में खास जगह बनाई है। पिछले सालों के मुकाबले ग्राहक इन चीजों में ज्यादा दिलचस्पी दिखा रहे हैं। दीपावली पर चांदी की चीजें खरीदने की परंपरा पुरानी है। लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियों के साथ कछुआ और गाय जैसी चीजें भी खरीदी जाती रही हैं। हालांकि, चांदी की मछली और उल्लू का चलन नया है। धार्मिक मान्यताओं में मछली को भगवान विष्णु के मत्स्य अवतार से जोड़ा जाता है, जबकि उल्लू माता लक्ष्मी का वाहन माना जाता है। हाल ही में एक प्रसिद्ध ज्योतिषी की ओर से भी इन चीजों को लेकर कुछ बातें कही गई थीं। इसके बाद सोशल मीडिया पर इनके धार्मिक महत्व की चर्चा बढ़ी। इसका असर ग्राहकों की खरीदारी पर भी दिखाई दे रहा है। कारोबारियों का कहना है कि चांदी की खरीदारी सिर्फ धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं है। लोग पूजा के अलावा गहनों और दूसरी उपयोगी चीजों के रूप में भी चांदी खरीद रहे हैं।

    मछली और उल्लू से जुड़ी धार्मिक मान्यताएं
    हिंदू धार्मिक मान्यताओं में मछली को भगवान विष्णु के मत्स्य अवतार से जोड़ा जाता है। मान्यता है कि भगवान विष्णु ने मत्स्य अवतार लेकर संसार की रक्षा की थी। इसी वजह से चांदी की मछली को शुभ माना जाता है। वास्तु और धार्मिक मान्यताओं में मछली को सुख-समृद्धि और धन के प्रवाह का प्रतीक भी माना गया है। इसी विश्वास के चलते कुछ लोग दीपावली की रात पूजा की थाली या तिजोरी में चांदी की मछली रखते हैं। इसे जल से भरे पात्र में रखने की परंपरा भी है। वहीं धार्मिक मान्यताओं में उल्लू को माता लक्ष्मी का वाहन माना जाता है। इसी वजह से दीपावली पर चांदी के उल्लू की खरीदारी की जा रही है। कुछ मान्यताओं के अनुसार, उल्लू की पूजा को सुख-समृद्धि और आर्थिक स्थिरता से जोड़कर देखा जाता है।

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