
इंदौर । गणतंत्र दिवस (Republic Day) पर कांग्रेस सुप्रीमो (Congress Supremo) राहुल गांधी (Rahul Gandhi) और प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) की इंदौर (Indore) यात्रा के पहले प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने एडजस्टमेंट का कार्ड खेल लिया है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी में कल शाम अचानक फेरबदल करते हुए प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजयसिंह और कमलनाथ के समर्थकों को पद बांट दिए गए हैं। इसके माध्यम से इन दोनों नेताओं को संतुष्ट करने की कोशिश की गई है।
आज भोपाल की बैठक में देंगे लक्ष्य
राहुल गांधी, प्रियंका गांधी की आगामी यात्रा को देखते हुए आज भोपाल में कांग्रेस के सभी बड़े नेताओं की बैठक बुलाई गई है। यह बैठक अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव और मध्यप्रदेश के प्रभारी भंवर जितेंद्रसिंह लेंगे। ऐसा समझा जाता है कि इस बैठक में 26 जनवरी के कार्यक्रम को ध्यान में रखते हुए नेताओं को अलग-अलग जिम्मेदारी दी जाएगी। इसके साथ ही इस अवसर पर आयोजित की जाने वाली रैली में भीड़ जुटाने के लिए सभी को अलग-अलग लक्ष्य भी दिए जाएंगे।
इधर गणतंत्र, उधर छुट्टी का दिन…26 जनवरी को भीड़ कैसे जुटेगी…कांग्रेसी चिंता में
26 जनवरी को राहुल और प्रियंका की महू में होने वाली सभा को लेकर कांग्रेस नेताओं में भीड़ को लेकर अभी से चिंता दिखाई दे रही है। राष्ट्रीय स्तर का आयोजन होने के बाद कार्यक्रम में करीब डेढ़ लाख लोगों को इक_ा करना चुनौतीभरा दिखाई दे रहा है, क्योंकि इस दिन 26 जनवरी गणतंत्र दिवस है और हर जगह कोई न कोई आयोजन होते रहते हैं। रविवार होने के कारण यूं भी इस दिन लोग छुट्टी के मूड में ही रहेंगे। संविधान बचाओ के नारे को लेकर राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के साथ ही कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खडग़े भी आने वाले हैं। पूरा दारोमदार प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी पर है। उनके प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद राहुल गांधी का मध्यप्रदेश में यह पहला दौरा है। सभा के माध्यम से कांग्रेस भाजपा द्वारा संविधान में संशोधन और अपमान को लोगों के बीच ले जाना चाह रही है, ताकि प्रदेश में कांग्रेस के पक्ष में माहौल बनाया जा सके। दूसरी ओर नेताओं को यह भी चिंता सता रही है कि इस दिन इतनी बड़ी तादाद में कार्यकर्ताओं को इक_ा करना चुनौतीभरा है।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved