देश राजनीति

SC में केंद्र का हलफनामा, 2011 की जनगणना के आकड़े काम के नहीं

नई दिल्ली। वोट बैंक को देखते हुए क्षेत्रीय दल ओबीसी (OBC) जनगणना की केंद्र सरकार से लगातार मांग कर रहे हैं कि 2011 की जनगणना में जाति आधारित आंकड़ों (caste based data) को सार्वजनिक किया जाए। इसी को लेकर लगी एक याचिका पर केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट (Supreme court) में कहा है कि वर्ष 2011 की जनगणना में जो जाति से जुड़े आंकड़े इकट्ठा किए गए थे वो किसी काम के नहीं हैं, इसका किसी भी तरह का आधिकारिक इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है क्योंकि इसमे काफी खामियां हैं। साथ ही केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कहा है कि वह जाति या पिछड़ी जाति से जुड़े आंकड़े 2022 की जनगणना के दौरान इकट्ठा करने के पक्ष में नहीं है। सरकार की ओर से कहा गया है कि वह सिर्फ एससी और एसटी से जुड़े ही आंकड़े इकट्ठा करने के पक्ष में है।


सुप्रीम कोर्ट में दायर किए गए हलफनामा में केंद्र ने महाराष्ट्र सरकार की याचिका पर आपत्ति जताते हुए कहा कि 2011 की जनगणना में जाति से आधारित आंकड़े सार्वजनिक नहीं किए जा सकते हैं, क्योंकि इसमे काफी गलतिया हैं। बता दें कि महाराष्ट्र सरकार ने 2011 की जनगणना में जाति आधारित आंकड़ों को सार्वजनिक किए जाने की मांग की थी। सरकार की ओर से कहा गया है कि जनगणना के दौरान इकट्ठा किए गए आंकड़ों में खामियां हैं, जाति से जुड़े भरोसेमंद और विश्वसनीय आंकड़े उपलब्ध नहीं हैं जोकि संवैधानिक या वैधानिक तौर पर आरक्षण, पदोन्नति आदि के लिए इस्तेमाल किए जा सके।
बता दें कि 2011 में जनगणना यूपीए सरकार के कार्यकाल में हुआ था। देश में पहली बार जाति आधारित जनगणना कराई गई थी। इससे पहले 1931 इस तरह की जनगणना कराई गई थई। देश में पहली जनगणना की बात करें तो यह 1881 में हुई थी। उसके बाद से हर 10 साल के बाद जनगणना कराई जाती है, हालांकि इस बार जनगणना को इसलिए टाल दिया गया क्योंकि कोरोना महामारी से पूरा देश लड़ रहा है।
विदित हो कि जाति आधारित जनगणना की मांग को लेकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अगुवाई में 11 सदस्यी नेताओं के दल ने पीएम मोदी से मुलाकात की थी। इनमे सभी नेताओं ने मांग की कि जाति आधारित जनगणना में ओबीसी से जुड़े आंकड़ों को इकट्ठा किया जाए।

Share:

Next Post

देश जानना चाहता है प्रधानमंत्री को अमेरिका जाने की अनुमति कैसे मिली? उन्होंने तो कोवैक्सीन ली थी

Fri Sep 24 , 2021
नई दिल्ली। टीएमसी नेता रिजू दत्ता के बाद अब कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तीन दिवसीय अमेरिका यात्रा पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने शुक्रवार को ट्वीट किया कि- ‘मुझे जहां तक जानकारी है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोवैक्सीन लगवाई थी जो अमेरिका में स्वीकृत नहीं है। क्या उन्होंने कोई […]