टेक्‍नोलॉजी

Meta AI की भारत में एंट्री, WhatsApp हो या Instagram; ऐसे करें फ्री में इस्तेमाल

डेस्क: मेटा ने भारत में अपना एआई चैटबॉट रोलआउट करना शुरू कर दिया है. जिसके बाद अब भारतीय यूजर्स फ्री में मेटा के एआई चैटबॉट का यूज कर सकेंगे. फेसबुक की पैरेंट कंपनी मेटा ने ये सर्विस भारत के अलावा 12 से ज्यादा देशों के लिए रोलआउट की है. यूजर्स इस एआई चैटबॉट का इस्तेमाल फेसबुक के अलावा सभी प्लेटफॉर्म यानी वॉट्सऐप, इंस्टाग्राम और मैसेंजर बिना पैसे खर्च किए कर पाएंगे.

मेटा के एआई चैटबॉट की खास बात ये है कि ये टैक्स्ट के अलावा, यूजर्स को इमेज भी जनरेट करके देगा. जिससे यूजर्स अपने काम और अच्छे से कर सकेंगे. मेटा के एआई चैटबॉट यूज करने के लिए आप Meta.ai वेबसाइट भी विजिट कर सकते हैं.

एआई चैटबॉट रोलआउट की खबर के बाद से भारतीय यूजर्स काफी एक्साइटेड हैं. भारत में करोड़ों लोग फेसबुक और उसके बाकी प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल करते हैं. इसी के चलते मेटा भारत में यूजर्स के साथ इस एआई चैटबॉट का टेस्ट कर रही थी. गूगल ने कुछ दिन पहले ही अपने एआई चैटबॉट जेमिनी मोबाइल ऐप को 9 भारतीय भाषाओं में रोल आउट किया है. अब ये देखना दिलचस्प होगा कि यूजर्स किस एआई चैटबॉट को पसंद करते है.


मेटा एआई चैटबॉट का इस्तेमाल यूजर्स इंग्लिश में कर सकेंगे. यूजर्स को सर्च बार में Meta AI सर्च करना होगा, जिसके बाद चैट पेज का ऑप्शन मिलेगा. यूजर अपने किसी भी सवाल को इंग्लिश में टाइप कर सेंड कर सकते हैं. इसके बाद उस सवाल का जवाब मेटा एआई जनरेट करके देगा. इतना ही नहीं मेटा का एआई चैटबॉट टेक्स्ट के अलावा यूजर्स को इमेज जनरेट करके देगा. यूजर को सिर्फ उस इमेज के बारे में टाइप करना होगा, जिसके बाद चैटबॉट आपको आपकी पसंद की पिक्चर जनरेट करके देगी. इस सर्विस का यूज आप वॉट्सऐप, इंस्टाग्राम, फेसबुक और मैसेंजर पर कर सकेंगे.

मेटा ने भारत के अलावा ये सुविधा 12 से ज्यादा देशों में रोलआउट कर दी है. जिनमें यूएसए, दक्षिण अफ्रीका, युगांडा, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, न्यूजीलैंड, सिंगापुर और जिम्बाब्वे जैसे देशों का नाम शामिल है. यहां पर भी यूजर्स इस सर्विस का फ्री में इस्तेमाल कर सकेंगे.

Share:

Next Post

'सख्त हैं विकलांगता पेंशन नियम, गलत तरीके से मिलने की गुंजाइश नहीं'; टॉप आर्मी ऑफिसर का दावा

Mon Jun 24 , 2024
नई दिल्ली: सेना के एक शीर्ष अधिकारी ने कहा है कि विकलांगता पेंशन से जुड़े नियम और जांच इतनी सख्त है कि गलत तरीके से पेंशन मिलना नामुमकिन है. उन्होंने कहा कि कई पर लेवल जांच होती हैं इसलिए कानून का दुरुपयोग संभव नहीं है. आर्मी हॉस्पिटल के कमांडेंट लेफ्टिनेंट जनरल अजित नीलकांतन ने कहा […]