
जबलपुर। विक्टोरिया जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं की सुचारू व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने कड़ा रुख अपना लिया है। सिविल सर्जन डॉ. नवीन कोठारी ने एक औपचारिक आदेश जारी कर उन चिकित्सकों और स्टाफ सदस्यों पर नकेल कसी है, जो अपनी ड्यूटी के प्रति लापरवाही बरत रहे हैं। अस्पताल प्रबंधन को लगातार ऐसी सूचनाएं मिल रही थीं कि सुबह और शाम की ओपीडी के समय कई डॉक्टर और कर्मचारी अपने कार्यस्थल से गायब रहते हैं। इस स्थिति को देखते हुए अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। जिला अस्पताल प्रशासन का मानना है कि चिकित्सकों की इस तरह की गैर-जिम्मेदाराना कार्यशैली से न केवल मरीजों को परेशानी होती है बल्कि शासन की योजनाओं का लाभ भी आम जनता तक नहीं पहुंच पाता है।
समय पर मौजूद नहीं मिले चिकित्सक
डॉ. कोठारी ने इस बात पर जोर दिया है कि होली के अवकाश के दौरान भी दो घंटे की ओपीडी में कई विशेषज्ञ चिकित्सक उपस्थित नहीं थे। ड्यूटी से इस तरह की अनुपस्थिति के कारण दूर-दराज से इलाज कराने आने वाले मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। अस्पताल प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि भविष्य में किसी भी समय औचक निरीक्षण किया जाएगा और यदि कोई भी कर्मचारी या चिकित्सक अनुपस्थित पाया गया तो उसके खिलाफ कठोर विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इस कार्रवाई का उद्देश्य अस्पताल के अनुशासन को बनाए रखना और मरीजों को समय पर चिकित्सा परामर्श उपलब्ध कराना है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बार-बार नोटिस मिलने के बाद भी यदि व्यवहार में सुधार नहीं हुआ तो सेवा पुस्तिका में प्रतिकूल प्रविष्टि भी दर्ज की जा सकती है।
नर्सिंग और पैरामेडिकल स्टाफ भी रडार में
चिकित्सकों के साथ-साथ नर्सिंग संवर्ग और पैरामेडिकल स्टाफ को भी सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी ईमानदारी और समयबद्धता के साथ करें। आदेश में कहा गया है कि ओपीडी संचालन के दौरान सभी का कार्यस्थल पर होना अनिवार्य है ताकि अस्पताल की छवि जनमानस में बेहतर बनी रहे। डॉ. कोठारी ने विभागीय प्रभारियों को भी जिम्मेदारी सौंपी है कि वे अपने अधीनस्थ स्टाफ की उपस्थिति की नियमित निगरानी करें। यदि किसी विभाग में स्टाफ की कमी या अनुपस्थिति के कारण कार्य प्रभावित होता है, तो इसके लिए संबंधित विभाग का प्रभारी भी उत्तरदायी माना जाएगा।
ओपीडी की टाइमिंग में बदलाव
भीषण गर्मी और ग्रीष्मकालीन सत्र को ध्यान में रखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने ओपीडी के समय में भी महत्वपूर्ण संशोधन किया है। डॉ. नवीन कोठारी के अनुसार मरीजों की सुविधा और स्वास्थ्य लाभ को प्राथमिकता देते हुए शाम की ओपीडी के समय को बदल दिया गया है। अब शाम की ओपीडी 5 से 6 बजे के बीच संचालित की जाएगी। इससे पहले यह समय दोपहर बाद 4 से 5 बजे तक निर्धारित था। समय में यह 1 घंटे का परिवर्तन इसलिए किया गया है ताकि भीषण गर्मी के दौरान मरीजों को अस्पताल आने-जाने में सुगमता हो सके। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि ओपीडी के इस नए समय का पालन करना सभी चिकित्सकों और स्टाफ के लिए अनिवार्य होगा।
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