
नई दिल्ली। दिल्ली(Delhi) में आयोजित एक शादी का रिसेप्शन (wedding reception)उस समय देश के सियासी गलियारों(political circles) में चर्चा का केंद्र बन गया जब एक ही छत के नीचे सत्ता पक्ष और विपक्ष के कई बड़े चेहरे एक साथ नजर आए। एनसीपी एसपी सांसद सुप्रिया सुले की बेटी रेवती सुले और सारंग लखानी के वेडिंग रिसेप्शन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी(Prime Minister Narendra Modi) गृह मंत्री अमित शाह एनसीपी एसपी प्रमुख शरद पवार कांग्रेस नेता राहुल गांधी सोनिया गांधी प्रियंका गांधी और समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव समेत कई प्रमुख राजनीतिक हस्तियां पहुंचीं। आमतौर पर संसद में एक दूसरे के खिलाफ तीखे बयान देने वाले नेताओं की एक साथ मौजूदगी ने समारोह को खास बना दिया।
रिसेप्शन दिल्ली स्थित 6 जनपथ पर आयोजित हुआ जो शरद पवार का आवास है। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पहुंचने के बाद शरद पवार के साथ उनकी मुलाकात भी चर्चा का विषय बन गई। सामने आए वीडियो में दोनों नेता बातचीत करते दिखाई दिए। समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी शरद पवार के साथ बैठे नजर आए। वहीं कुछ दूरी पर कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी भी अन्य लोगों के साथ बातचीत करते दिखाई दिए।
इस पूरे आयोजन की सबसे खास बात यही रही कि राजनीतिक मतभेदों और संसद के भीतर जारी टकराव के बावजूद कई बड़े नेता निजी समारोह में सहज अंदाज में एक दूसरे के आसपास नजर आए। प्रधानमंत्री मोदी ने नवविवाहित जोड़े और परिवार के सदस्यों से मुलाकात की और उन्हें शुभकामनाएं दीं। शरद पवार ने भी समारोह में पहुंचे मेहमानों का स्वागत किया।
इस शादी समारोह की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में आए। लोगों की नजर खास तौर पर उन तस्वीरों पर रही जिनमें प्रधानमंत्री मोदी और शरद पवार बातचीत करते दिखाई दिए। एक अन्य दृश्य में अमित शाह और शरद पवार साथ बैठे नजर आए जबकि उनके सामने सोनिया गांधी और राहुल गांधी मौजूद थे। इससे यह समारोह सामान्य पारिवारिक आयोजन से कहीं ज्यादा राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया।
रेवती सुले शरद पवार की नातिन हैं और सुप्रिया सुले की बेटी हैं। ऐसे में शादी का यह रिसेप्शन पवार परिवार के लिए बेहद खास पारिवारिक अवसर था। लेकिन देश की राजनीति के कई बड़े चेहरों के पहुंचने से समारोह का महत्व और बढ़ गया। बीजेपी कांग्रेस एनसीपी एसपी और समाजवादी पार्टी समेत अलग अलग राजनीतिक दलों के प्रमुख नेताओं की मौजूदगी ने इसे एक दुर्लभ सियासी तस्वीर में बदल दिया।
यह आयोजन ऐसे समय में हुआ है जब संसद के भीतर कई मुद्दों को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच लगातार टकराव देखने को मिल रहा है। नीट पेपर लीक से लेकर परिसीमन से जुड़े मुद्दों तक विपक्ष सरकार पर सवाल उठा रहा है। इसके बावजूद निजी समारोह में राजनीतिक विरोधी एक दूसरे से मिलते और बातचीत करते दिखाई दिए।
इससे पहले एनसीपी एसपी के आठ सांसदों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की थी। इस प्रतिनिधिमंडल में सुप्रिया सुले भी शामिल थीं। यह बैठक करीब 20 मिनट चली थी। बैठक के बाद परिसीमन से जुड़े मुद्दों पर एनसीपी एसपी के रुख को लेकर राजनीतिक चर्चा तेज हुई थी। हालांकि पार्टी की ओर से स्पष्ट किया गया था कि प्रधानमंत्री से मुलाकात में महाराष्ट्र से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई है।
एनसीपी एसपी पहले ही संकेत दे चुकी है कि परिसीमन से जुड़े किसी प्रस्ताव का समर्थन उसकी प्रमुख मांगों को शामिल किए जाने की स्थिति में ही किया जाएगा। ऐसे में प्रधानमंत्री मोदी और शरद पवार की मुलाकात तथा उसके बाद शादी समारोह में दोनों नेताओं की साथ दिखाई देने वाली तस्वीरों ने सियासी हलकों में अटकलों को जरूर हवा दी है। हालांकि निजी समारोह में नेताओं की मुलाकात को सीधे राजनीतिक समीकरणों से जोड़ना जल्दबाजी होगी।
फिलहाल इस पूरे आयोजन की सबसे बड़ी तस्वीर यही रही कि जिन नेताओं के बीच राजनीतिक मुकाबला संसद और चुनावी मैदान में दिखाई देता है वे एक पारिवारिक समारोह में एक साथ खड़े नजर आए। यही वजह है कि सुप्रिया सुले की बेटी का वेडिंग रिसेप्शन दिल्ली में एक ऐसी सियासी तस्वीर छोड़ गया जिसकी चर्चा राजनीतिक गलियारों से लेकर सोशल मीडिया तक होती रही।
©2026 Agnibaan , All Rights Reserved