
- नाम छूटा या जानकारी में गलती मिली तो कर सकेंगे दावा-आपत्ति- 4 जनवरी 2027 को प्रकाशित होगी अंतिम सूची
उज्जैन। मतदाता सूची में नाम और विवरण में सुधार करने के लिए जिले में विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण की प्रक्रिया शुरू होगी। 12 नवंबर को प्रारूप मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी। इसमें नाम नहीं होने या दर्ज जानकारी में गलती मिलने पर मतदाता 11 दिसंबर तक दावा-आपत्ति दर्ज करा सकेंगे। भारत निर्वाचन आयोग ने एक जनवरी 2027 की अर्हता तिथि के आधार पर पुनरीक्षण का कार्यक्रम तय किया है। निर्वाचन अधिकारी 28 दिसंबर तक दावे-आपत्तियों का निराकरण करेंगे। इसके बाद 4 जनवरी 2027 को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।
नाम व जानकारी जरूर जांचें
प्रारूप सूची जारी होने के बाद मतदाता अपना नाम, व्यक्तिगत विवरण और अन्य प्रविष्टियां जांच लें। पात्र होने के बावजूद नाम छूटने या विवरण गलत दर्ज होने पर निर्धारित प्रक्रिया के तहत दावा किया जा सकेगा। सूची में दर्ज किसी प्रविष्टि पर आपत्ति होने पर भी आवेदन कर सकेंगे।
मतदान केंद्रों की व्यवस्था भी बदलेगी…
पुनरीक्षण प्रक्रिया के तहत मतदान केंद्रों का युक्तिकरण और पुनर्व्यवस्थापन भी किया जाएगा। इसके लिए 2 नवंबर 2026 तक की समयसीमा निर्धारित की गई है। इसके बाद प्रारूप सूची के प्रकाशन, दावे-आपत्तियां प्राप्त करने और उनके निराकरण की प्रक्रिया पूरी होगी।
ये हैं महत्वपूर्ण तारीखें…
- 2 नवंबर 2026: मतदान केंद्रों के युक्तिकरण और पुनर्व्यवस्थापन की समयसीमा।
- 12 नवंबर: प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन।
- 11 दिसंबर: दावा-आपत्ति दर्ज कराने की अंतिम तारीख।
- 28 दिसंबर: दावे-आपत्तियों के निराकरण की समयसीमा।
- 4 जनवरी 2027: अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन।