img-fluid

कैबिनेट में बायोगैस को बढ़ावा देने पर जोर…. PM मोदी ने मंत्रियों से कहा- ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोत खोजें

May 22, 2026

नई दिल्ली। पश्चिम एशिया (West Asia) में जारी संकट और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) पर नाकेबंदी के कारण वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर पड़ रहे असर के बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने एक अहम निर्देश दिया है। गुरुवार को मंत्रिपरिषद की बैठक में पीएम मोदी ने ऊर्जा के नए और वैकल्पिक स्रोतों की तलाश तेज करने को कहा है। उन्होंने खास तौर पर रसोई गैस (LPG) के विकल्प के रूप में बायोगैस को बढ़ावा देने पर जोर दिया है।

5 देशों के दौरे से लौटते ही ऐक्शन में पीएम
यूएई (UAE) और चार यूरोपीय देशों का अहम दौरा पूरा करके लौटने के तुरंत बाद, प्रधानमंत्री ने मंत्रियों के साथ यह मैराथन बैठक की, जो करीब साढ़े तीन घंटे तक चली। गौरतलब है कि पीएम के इस विदेशी दौरे पर भी पश्चिमी एशिया का तनाव और उसके परिणाम चर्चा के मुख्य विषय रहे थे।

इस बैठक की शुरुआत विदेश मंत्री एस. जयशंकर के एक संक्षिप्त प्रेजेंटेशन से हुई, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री के इस 5 देशों के दौरे के मुख्य नतीजों की जानकारी दी। इसके बाद विभिन्न मंत्रालयों के वरिष्ठ अधिकारियों ने अपनी रिपोर्ट पेश की।


  • ‘सुधारों से आम जनता को परेशानी न हो’
    बैठक में पीएम मोदी ने ‘ईज ऑफ लिविंग’ (जीवन को आसान बनाने) पर सबसे ज्यादा फोकस किया। उन्होंने सख्त हिदायत देते हुए कहा कि सरकार की किसी भी नई पहल या सुधार से आम नागरिकों को कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए। सुधारों का एकमात्र उद्देश्य जनता की जिंदगी को आसान बनाना होना चाहिए।

    ‘विकसित भारत 2047 सिर्फ वादा नहीं, कमिटमेंट है’
    प्रधानमंत्री ने अपनी सरकार से पूरी ऊर्जा के साथ सुधारों को लागू करने का आह्वान किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि ‘विकसित भारत 2047’ सिर्फ एक चुनावी वादा नहीं, बल्कि देश के प्रति एक कमिटमेंट है। पीएम ने मंत्रियों को ‘रिफॉर्म, परफॉर्म, ट्रांसफॉर्म और इन्फॉर्म’ का अपना गवर्नेंस मंत्र याद दिलाया। उन्होंने कहा कि हमें पुरानी बातों या अफसोस में उलझने के बजाय पूरी तरह से भविष्य पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए।

    मंत्रालयों का रिपोर्ट कार्ड और रैंकिंग
    एनडीए-3 सरकार आगामी 9 जून को सत्ता में अपने दो साल पूरे करने जा रही है। इसे देखते हुए बैठक में कई प्रमुख मंत्रालयों ने पिछले दो सालों में किए गए सुधारों पर अपनी प्रगति रिपोर्ट पेश की। इनमें विदेश, कृषि, वन, सड़क परिवहन, कॉरपोरेट मामले, श्रम, वाणिज्य और ऊर्जा मंत्रालय शामिल रहे। इसके अलावा कैबिनेट सचिव और नीति आयोग के उपाध्यक्ष ने भी सुधारों को लेकर अपना प्रेजेंटेशन दिया।

    बैठक के दौरान मंत्रियों को उनके मंत्रालयों और विभागों के प्रदर्शन से भी अवगत कराया गया। फाइलें निपटाने और जनता की शिकायतें दूर करने जैसे कई पैमानों पर कामकाज की समीक्षा की गई। इसके आधार पर हर इंडिकेटर में टॉप-5 और बॉटम-5 (सबसे खराब प्रदर्शन वाले) मंत्रालयों की रैंकिंग भी तैयार की गई है।

    Share:

  • पश्चिम बंगाल : चुनाव में हार के बाद TMC में कलह? पार्षदों का सामूहिक इस्तीफा

    Fri May 22 , 2026
    कोलकाता. पश्चिम बंगाल (West Bengal) विधानसभा चुनाव (assembly elections) में बीजेपी (BJP) के हाथों हार के बाद तृणमूल कांग्रेस (TMC) के भीतर सबकुछ ठीक नहीं चल रहा. इसके संकेत उस समय साफ दिखाई दिए जब विधानसभा चुनाव के बाद पार्टी के पहले बड़े विरोध प्रदर्शन में विधायकों की मौजूदगी बेहद कम रही. इसके साथ ही, […]
    सम्बंधित ख़बरें
    लेटेस्ट
    खरी-खरी
    का राशिफल
    जीवनशैली
    मनोरंजन
    अभी-अभी
  • Archives

  • ©2026 Agnibaan , All Rights Reserved